प्राइवेट कंपनी में काम करने वाले युवक को दो महीने की तनख्वाह नहीं मिली तो उसने अस्पताल के ड्रग्स स्टोर मालिक से कंपनी में आने वाले आठ लाख रुपये उड़ा लिए।
वह कंपनी का प्रतिनिधि बनकर स्टोर मालिक के पास पहुंच गया और आठ लाख रुपए ले लिए। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर उसके कब्जे से 7.96 लाख रुपए बरामद कर लिया।
दक्षिण जिला डीसीपी बीएस जायसवाल ने बताया कि प्रेस एंकलेव मार्ग स्थित पीएसआरआई अस्पताल के ड्रग्स स्टोर के मालिक विजय बी भल्ला ने मालवीय नगर थाने में शिकायत दर्ज कराई थी कि वह हर शुक्रवार को आईएसएस-एसडीबी कंपनी में प्रतिनिधि के जरिए आठ लाख रुपये जमा कराते थे।
गत शुक्रवार को उनके कार्यालय में कंपनी से फोन आया कि उनका प्रतिनिधि पैसे लेने पहुंच रहा है। सारे कागजात देखकर विजय ने प्रतिनिधि को आठ लाख रुपये दे दिए और पैसे देने की रसीद भी ले ली थी।
कुछ ही देर बाद कंपनी का दूसरा प्रतिनिधि पैसे लेने पहुंच गया। उसने पैसे मांगे तो विजय के होश उड़ गए। शिकायत मिलने के बाद एसआई दीपचंद, सिपाही मनोज और अविनाश भाटी की टीम ने तफ्तीश शुरू की।
तफ्तीश में एसआई दीपचंद को पता लगा कि आईएसएस-एसडीबी में काम करने वाले कैश ऑफिसर एक्जीक्यूटिव (सीओई) राजीव कुमार वर्मा को नौकरी से निकाल दिया गया था।
वह अपनी दो महीने की तनख्वाह लेने के लिए कंपनी कार्यालय में आता रहता था। जब उसे दो महीने की तनख्वाह नहीं मिली तो उसने कंपनी के पैसे ठगने की साजिश रची। करावल निवासी राजीव वह कंपनी के प्रतिनिधि से पहले स्टोर मालिक के पास पहुंच गया और आठ लाख रुपये उड़ा लिए।