कॉलेज जा रही ग्यारहवीं की एक विकलांग छात्रा को बिहारीपुर खत्रियान में नशीला कपड़ा सुंघाकर दो लोगों ने रास्ते से उसका अपहरण कर लिया गया।
फिर उसे दिल्ली-सीतापुर पैसेंजर के विकलांग कोच के टॉयलेट में दुपट्टे से बांधकर डाल दिया। पीताम्बरपुर (फरीदपुर) स्टेशन के पास एक महिला यात्री जब टॉयलेट पहुंची तो उसे बंधक बना देखा।
महिला के चिल्लाने पर दूसरे यात्री आ गए। इसी दौरान एक अपहरणकर्ता ट्रेन से कूदकर फरार हो गया। उसे तो भागते हुए देखा गया, मगर दूसरे का कुछ पता नहीं चला।
बिलपुर (फतेहगंज पूर्वी) स्टेशन पर वहां थाना पुलिस छात्रा को बरामद कर किला थाने लेकर आई। सरेराह छात्रा के अपरहण की सूचना से खलबली मची रही। देर शाम अज्ञात अपहरणकर्ताओं के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है।
किला इलाके की रहने वाली पंद्रह वषीय इस छात्रा के पिता अल्मोड़ा में मोटर मैकेनिक की नौकरी करते हैं। छात्रा यहां अपनी दादी के पास रहकर शहर के एक गर्ल्स कॉलेज में पढ़ रही है। वह एक हाथ और एक पैर से पोलियोग्रस्त है। छात्रा मंगलवार सुबह सात बजे घर से कॉलेज के लिए निकली।
नशीला कपड़ा सुंघाकर किया अगवा
सुबह 7:20 बजे कोतवाली इलाके के बिहारीपुर खत्रियान से गुजरते समय अचानक सामने आई भैंस से बचने के लिए किनारे हुई। साथ की बाकी छात्राएं तो आगे निकल गईं, तभी आगे तेजी से बढ़ने की कोशिश में उसके पैर की चप्पल निकल गई।
जिसे छात्रा झुक कर पहनने की कोशिश करने लगी। छात्रा के मुताबिक इसी दौरान पीछे से आए दो लोगों ने उसे नशीला कपड़ा सुंघा दिया और अपहरण कर ले गए। छात्रा का कहना है कि चूंकि वह बेहोश हो गई थी, इसलिए पता नहीं चला कि वे दोनों लोग उसे किस वाहन से ले गए।
अपहरणकर्ताओं ने छात्रा को दिल्ली-सीतापुर पैसेंजर ट्रेन के विकलांग कोच के टॉयलेट में बांधकर डाल दिया, यह भी उसे होश में आने पर पता चला। ट्रेन बरेली स्टेशन से सीतापुर के लिए 10:53 बजे रवाना हो गई।
फरीदपुर स्टेशन पर सवा ग्यारह बजे ट्रेन में एक महिला यात्री टॉयलेट गई, भिड़े हुए दरवाजे को खोलते ही देखा कि एक किशोरी दुपट्टे से बंधी हुई पड़ी है।
महिला ने भूत होने की बात कहकर शोर मचाया तो कोच में मौजूद कई यात्री उसे देखने टॉयलेट की तरफ आए। इसी दौरान ट्रेन चलने लगी तो एक अपहरणकर्ता उससे कूदकर भाग गया।
कई दिनों से कर रहे थे पीछा
यात्रियों को लड़की के अपहरण का संदेह हुआ और उन्होंने पुलिस कंट्रोल रूम को सूचना दे दी। जिस पर फतेहगंज पूर्वी थाना पुलिस ने बिलपुर स्टेशन पर 11.40 बजे ट्रेन पहुंचने पर महिला सिपाही के सहयोग से टॉयलेट में बंधक छात्रा को बाहर निकाला।
बाद में छात्रा को किला थाने लाया गया। देर शाम सीओ द्वितीय धर्म सिंह मार्छाल ने बताया कि किला थाने में अज्ञात अपहरणकर्ताओं के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। मामले की जांच की जा रही है।
छात्रा ने बताया कि पिछले कई दिन से दो लोग उसका पीछा कर रहे थे। मंगलवार को वह कॉलेज जा रही थी, तभी रास्ते में पीछे से आए उन्हीं दोनों लोगों ने उसके नाक पर कपड़ा लगा दिया और तेज तमाचा मारा।
इसके बाद आंखों के आगे अंधेरा छाने लगा और उसके बाद उसे कुछ याद नहीं रहा। होश आया तो ट्रेन के टॉयलेट में बंधा पाया। मुंह में कपड़ा ठुंसा हुआ था इसलिए बोल भी नहीं पा रही थी। कितनी देर तक वह बंधक रही, यह भी छात्रा नहीं बता पाई।