वेतन रिलीज करने के नाम पर गेस्ट लेक्चरर से घूस लेने के आरोपी राजकीय महिला पालीटेक्निक चरखारी महोबा के प्रिंसिपल उमाशंकर गुप्ता के खिलाफ प्राविधिक शिक्षा निदेशक ओपी वर्मा ने सोमवार से जांच शुरू कर दी है।
यह जांच प्रमुख सचिव, प्राविधिक शिक्षा संजीव मित्तल के आदेश पर शुरू हुई है। आरोप लगाने वाले गेस्ट लेक्चरर ने सुबूत के तौर पर आडियो और वीडियो क्लिप भी दी है, जिसमें प्रिंसिपल को 500-500 रुपये के नोट गिनते और रखते दिखाया गया है।
महामाया पालीटेक्निक हाथरस में गेस्ट लेक्चरर प्रशांत और दीपक ने राजकीय पालीटेक्निक सोरो एटा के तत्कालीन प्रिंसिपल और महामाया पालीटेक्निक हाथरस के कार्यवाहक प्रिंसिपल उमाशंकर गुप्ता (अब प्रिंसिपल राजकीय महिला पालीटेक्निक, चरखारी) पर घूसघोरी का आरोप लगाया था।
वीडियो और आडियो क्लिप बनाकर कहा था कि गेस्ट लेक्चरर को मिलने वाली धनराशि के भुगतान के एवज में प्रिंसिपल ने पैसा मांगा। यह सब वीडियो क्लिप में कैद है। डेढ़ लाख रुपये के भुगतान के एवज में पहले 20 फीसदी पैसा मांगा था लेकिन सौदा 20 हजार रुपये में तय हो गया।
आरोप है कि प्रिंसिपल ने दोनों गेस्ट लेक्चर से 10-10 हजार रुपये लिए। सभी नोट 500-500 रुपये के थे। पैसों के लेनदेन का यह आडियो और वीडियो क्लिप प्रमुख सचिव, उच्च शिक्षा और निदेशक प्राविधिक शिक्षा को दिया जा चुका है।
प्राविधिक शिक्षा निदेशक ओपी वर्मा ने बताया कि शासन से आदेश मिलने के बाद जांच-पड़ताल की जा रही है। जो सुबूत मिले हैं, उसी को आधार बनाकर पूछताछ की जाएगी। दूसरी ओर आरोपी प्रिंसिपल उमाशंकर गुप्ता ने आरोपों को सिरे से खारिज किया और कहा कि गेस्ट लेक्चरर झूठ बोल रहे हैं। वह किसी भी जांच के लिए तैयार हैं।