टेक्नोलॉजी जीवन के हर पहलू को प्रभावित कर रही है। बच्चे जिस तेजी से इस टेक्नोलॉजी को अपनाते हैं। उसे देखते हुए शिक्षा प्रणाली भी पीछे नहीं रह सकती।
इसी कोशिश के तहत गिलको इंटरनेशनल स्कूल ने अपने यहां सभी क्लासरूम में टाटा इंटरएक्टिव सिस्टम शुरू किया है।
नए सिस्टम में बच्चों को केवल किताबें ही नहीं पढ़ाई जाती हैं, बल्कि विजुअल और वीडियो के जरिए उन्हें हर चीज के बारे में विस्तार से बताया जाता है। इससे जहां बच्चों की हर तथ्य पर पकड़ मजबूत बन रही है। वहीं, क्लासरूम का डर भी खत्म हो रहा है।
इस बारे में सोमवार को प्रेस कांफ्रेंस में स्कूल प्रिंसिपल इंदरप्रीत कौर ने बताया कि उन्होंने 10 क्लासरूम में टाटा क्लासेज का सिस्टम लगवाया है।
दस सिस्टम नए लगवाने जा रहे हैं। इसके माध्यम से विद्यार्थियों को आडियो वीडियो के जरिए पढ़ाया रहा है। कई चीजें, जो बच्चे वैसे नहीं समझ सकते हैं। वे इस माध्यम से काफी आसानी से समझ पा रहे हैं। टीचर बच्चों की जरूरत के हिसाब से पूरी पाठ्य सामाग्री तैयार कर रहे हैं।
बच्चों के बैग का बोझ करने में स्कूल जुटा हुआ है। प्रत्येक क्लास रूम में बच्चों के लिए रैक बनाए हुए हैं। स्कूल में ही बच्चों को होम वर्क कराया जाता है। इसके बाद उनकी अधिकतर किताबें स्कूल में ही रखवा ली जाती हैं। बच्चों को केवल छुुट्टियों में ही होमवर्क दिया जाता है।