केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड की परीक्षाओं के लिए सरकारी व सरकारी सहायता प्राप्त स्कूलों में बच्चों को स्पेशल कोचिंग दी जाएगी।
स्पेशल कोचिंग (रेमेडियल क्लास) में उन विषयों पर खासा जोर रहेगा, जिनमें छात्र कमजोर रहते हैं। यह कोचिंग अतिरिक्त तैयारी कराने के रूप में होगी, जिसकी शुरुआत जनवरी में होगी।
शिक्षा निदेशालय की ओर से पहले टर्म की परीक्षा के परिणाम का विश्लेषण किया गया। इसमें पाया गया कि सात विषयों के प्रदर्शन में सुधार की जरूरत है।
लिहाजा, शिक्षा निदेशालय ने रेमेडियल क्लास लगाने का फैसला किया। इनमें अर्थशास्त्र, अंग्रेजी, गणित, भौतिकी, रसायन, एकाउंटेंसी, व बिजनेस स्टडी शामिल हैं।
वोकेशनल स्ट्रीम के छात्रों को भी अपने इलेक्टिव विषयों की पढ़ाई के लिए इन क्लासेज में उपस्थित होना है। यह कक्षाएं 31 दिसबंर से 9 जनवरी 2015 तक चलेंगी। स्कूल प्रमुख अतिरिक्त विषयों की कक्षाएं भी लगा सकते हैं।