लखनऊ विश्वविद्यालय के रेगुलर शिक्षक गेस्ट फैकल्टी की आड़ में अब मौज नहीं कर पाएंगे।
हर विभाग का टाइम टेबल अब जांचा जाएगा और क्लोसज लेने वाले रेगुलर शिक्षकों व गेस्ट फैकल्टी की अलग-अलग सूची बनाई जाएगी। विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी) द्वारा निर्धारित मानकों के अनुसार रेगुलर शिक्षकों को ही विभाग की सभी क्लासेज लेनी होगी।
विभागों में अगर ज्यादा गेस्ट फैकल्टी से क्लासेज पढ़ाई गईं तो उनका मानदेय रोक दिया जाएगा। यह आदेश कुलपति डॉ. एसबी निमसे ने विभागाध्यक्षों को दिए हैं।
शुक्रवार को उनकी अध्यक्षता में आर्ट्स और कॉमर्स फैकल्टी के विभागाध्यक्षों की बैठक हुई।
डॉ. निसमे ने जोर देकर कहा कि रेगुलर शिक्षकों के लिए यूजीसी के मानक सख्ती से लागू किए जाएं और उनसे नियमित कक्षाएं लगवाई जाएं।
इसके अलावा दिसंबर 2013 व जनवरी 2014 के बीच होने वाले राष्ट्रीय मूल्यांकन एवं प्रत्यायन परिषद (नैक) द्वारा किए जाने वाले मूल्यांकन के लिए भी पूरी तैयारी करने के निर्देश दिए गए।
लविवि की इंटरनल क्वालिटी असेसमेंट सेल के निदेशक डॉ. राजीव मनोहर ने सभी विभागाध्यक्षों से कहा कि वे विभाग में जो भी नया कर रहे हैं, उससे उन्हें पूरी तरह अपडेट रखा जाए।