सिपाही भर्ती परीक्षा की प्रक्रिया को पारदर्शी बनाने और मुन्ना भाइयों के रैकेट से दूर रखने के लिए हिमाचल पुलिस ने एक अनूठा प्रयोग किया है। इस बार सिपाही भर्ती परीक्षा में सिर्फ वही आवेदक भर्ती प्रक्रिया के अगले चरण में पहुंच पाएंगे, जिन्होंने अपने हाथ से फार्म भरा होगा।
ऐसा इसलिए है क्योंकि भर्ती प्रक्रिया के हर चरण में आवेदक से लिखवाकर ही उसकी पहचान की पुष्टि की जाएगी। अगर आवेदक के फार्म से उसके अगले चरण की हैंड राइटिंग न मिली तो उसका आवेदन वहीं से निरस्त कर दिया जाएगा।
हिमाचल प्रदेश पुलिस पहली बार 1500 सिपाहियों की भर्ती कराने जा रही है। प्रदेश की अब तक की सबसे बड़ी सिपाही भर्ती को निष्पक्ष बनाने के लिए पुलिस ने पूरी ताकत लगा दी है।