पंजाब स्कूल शिक्षा बोर्ड के दसवीं कक्षा के परीक्षा परिणाम में राज्य भर में दूसरे स्थान पर रही राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय घगवाल की छात्रा नैंसी डॉक्टर बनना चाहती है। उसका अंतिम लक्ष्य आईएएस बनना है।
नैंसी ने ग्यारहवीं कक्षा में मेडिकल में प्रवेश लिया है। एक पंजाबी अध्यापक पिता और गृहिणी मां की बेटी, नैंसी ने कभी ट्यूशन नहीं ली। उसने कहा कि वह टॉप 10 में जगह पाने की उम्मीद कर रही थी, लेकिन सेकेंड आने के बारे में नहीं सोचा था।
नैंसी ने बताया कि उसके शिक्षक हमेशा बहुत ही मददगार रहे। उन्होंने सदा ही उसे आगे बढ़ने के लिए उसे प्रेरित किया। नैंसी के मुताबिक पढ़ाई के प्रति समर्पण और टाइम टेबल बनाकर पढ़ाई करना उनके लिए लाभदायक रहा। पेंटिंग का शौक रखने वाली नैंसी रिलेक्स होने के लिए पेंटिंग करती है।
नैंसी को गर्व है कि वह सरकारी स्कूल में पढ़ी। उसका कहना है कि सरकारी स्कूलों में सबसे अच्छे शिक्षक हैं और वह उन्हें अपनी सफलता का निर्माता मानती हैं। नैंसी के स्कूल में ही पंजाबी के मास्टर उसके पिता शिव कुमार का कहना है कि उन्हें नैंसी के अच्छा रैंक पाने की उम्मीद थी।
प्राचार्य शमशेर सिंह उसकी सफलता से अभिभूत हैं। उन्होंने कहा कि नैंसी शुरू से ही कक्षा में प्रथम स्थान पर रही और हमें यकीन था कि वह अच्छा प्रदर्शन करेगी।