उत्तराखंड में पहली बार किसी राजकीय महाविद्यालय में एमएड के साथ बीबीए, एमबीए और बीसीए की डिग्रियां भी मिलेंगी। पिथौरागढ़ के राजकीय महाविद्यालय में चारों प्रोफेशनल कोर्स अनुमति दी गई है।
संबंधित फेकल्टी के पद भी किए सृजित
उच्च शिक्षा विभाग ने गुरुवार को नए कोर्स को स्वीकृति देने के साथ संबंधित फेकल्टी के पद भी सृजित कर दिए हैं। सभी कोर्स महाविद्यालय के परिसर में चलाए जाएंगे। पिथौरागढ़ राजकीय महाविद्यालय में शुरू किए जाने वाले इन प्रोफेशन कोर्स को राजनीतिक चश्मे से भी देखा जा रहा है।
राज्य के चार गोपेश्वर, कोटद्वार, हल्द्वानी और पिथौरागढ़ राजकीय महाविद्यालय में फिलहाल बीएड की पढ़ाई हो रही है। पिथौरागढ़ में पहली बार एमएड को स्वीकृति मिली है। एमएड की पढ़ाई के लिए सरकार ने सात पद सृजित किए हैं।
इसके अतिरिक्त पहली बार ही प्रदेश के किसी महाविद्यालय में बीबीए, एमबीए और बीसीए की पढ़ाई होगी। इसके लिए अलग-अलग श्रेणी में कुल 30 पद सृजित किए गए हैं। पिथौरागढ़ में प्रोफेशनल कोर्स की शुरूआत को राजनीति से भी जोड़कर देखा जा रहा है।
दरअसल विधायक मयूख महर लंबे से अर्से से अपनी मांगों को मनवाने केलिए अपनी सरकार केखिलाफ खुलकर बोल रहे थे। हाल कि कुछ महीनों में देखे तो पिथौरागढ़ राजकीय महाविद्यालय के लगभग सभी विषयों में बारी-बारी परास्नातक (पीजी) की पढ़ाई को स्वीकृति दी गई है।
खानपुर में कन्या महाविद्यालय उच्च शिक्षा विभाग ने हरिद्वार के खानपुर में कन्या महाविद्यालय को भी मंजूरी दी है। इसकेलिए कला संकाय के 17 पदों को भी स्वीकृति दी गई है। फिलहाल कन्या महाविद्यालय किसी किराये केभवन से संचालित किया जाएगा।