अब देश की बेटियों को सीबीएसई कोचिंग देकर उनके सपनों को नई उड़ान देगी। सीबीएसई द्वारा इंजीनियरिंग कालेजों में छात्राओं की भागेदारी बढ़ाने के लिए सीबीएसई ने उड़ान प्रोग्राम शुरू किया है।
जानकारी के अनुसार इस प्रोग्राम के तहत देश भर के स्कूलों से 11वीं और 12वीं नॉन मेडिकल संकाय में पढ़ रही छात्राओं के लिए ऑनलाइन कोचिंग प्रोग्राम शुरू किया जाएगा। पहले चरण में 1000 छात्राओं का इस प्रोग्राम के लिए चयन किया जाएगा। 50 फीसदी सीटें एससी और एसटी छात्राओं के लिए रिजर्व होंगी। इन छात्राओं को टैबलेट भी प्रदान किए जाएंगे।
सीबीएसी चेयरमैन विनीत जोशी के अनुसार दसवीं क्लास में कम से कम 70 फीसदी अंक और साइंस और गणित में 80 फीसदी अंक पाने वाली छात्राएं ही इस उड़ान प्रोग्राम के लिए योग्य मानी जाएंगी। जिन बोर्ड में सीजीपीए सिस्टम लागू है वहां औसत 8 सीजीपीए और साइंस और गणित में 9 सीजीपीए होना अनिवार्य होगा।
आईआईटी जैसे संस्थानों में चुने जाने पर ऐसी छात्राओं को स्कॉलरशिप और आर्थिक मदद भी दिए जाने का प्रावधान है। जोशी के अनुसार उड़ान प्रोग्राम से लड़कियों के बीच भी इंजीनियरिंग क्षेत्र में आगे बढ़ने का मौका मिल सकेगा।
जोशी के अनुसार जल्द ही सीबीएसई छात्राओं की समस्याओं को लेकर स्पेशल हेल्पलाइन भी शुरू करने पर विचार कर रहा है। उन्होंने बताया कि उड़ान प्रोजेक्ट का लाभ लेने के लिए 27 अक्तूबर तक आवेदन किया जा सकेगा। इस संबंध में जानकारी सीबीएसई वेबसाइट पर जारी की गई है।