पहली बार ऑनलाइन होने जा रहे कॉमन लॉ एडमिशन टेस्ट (क्लैट) से घबराने की जरूरत नहीं है। परीक्षा आयोजक राम मनोहर लोहिया विधि विश्वविद्यालय ने प्रवेश परीक्षा की वेबसाइट पर इस संबंध में सवाल-जवाब अपलोड किए हैं।
इसके मुताबिक अभ्यर्थी कंप्यूटर चलाने की आधारभूत जानकारी होने मात्र पर भी आसानी से परीक्षा में शामिल हो सकता है। क्लैट 2015 के लिए इन दिनों आवेदन प्रक्रिया चल रही है। 31 मार्च तक ऑनलाइन आवेदन के बाद मई में प्रवेश परीक्षा होगी।
बाकी राशि लौटा दी जाएगी
विवि के मुताबिक अगर परीक्षा उत्तीर्ण करने के बाद छात्र दाखिला नहीं लेना चाहे तो उसे दस हजार रुपये ‘एडमिशन प्रोसेसिंग फीस’ काटकर बाकी राशि लौटा दी जाएगी। काउंसिलिंग शुल्क 50 हजार रुपये रखा गया है। इस परीक्षा के लिए 12वीं या एलएलबी अंतिम वर्ष की परीक्षा दे रहे छात्र भी आवेदन कर सकते हैं, बशर्ते एडमिशन के वक्त तक उनका रिजल्ट जारी हो जाए। परीक्षा का प्रश्नपत्र अंग्रेजी में आएगा। इसलिए जरूरी है कि छात्र अंग्रेजी में तैयारी पर जोर रखें। पहली बार यह परीक्षा ऑनलाइन होगी।
विवि ने साफ किया है कि सिर्फ माउस चलाने की प्रैक्टिस होने पर भी छात्र परीक्षा दे सकते हैं। कंप्यूटर में कोई गड़बड़ी होने पर हर केंद्र पर पर्याप्त व्यवस्था होगी और अभ्यर्थी को इसका नुकसान नहीं होगा। गौरतलब है कि विधि क्षेत्र में कॅरियर बनाने के लिए हर साल कॉमन लॉ एडमिशन टेस्ट आयोजित किया जाता है। इससे देश के 16 विधि विश्वविद्यालयों के अलावा कई अन्य विधि कोर्स कराने वाले संस्थानों में दाखिला मिलता है।