फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

एनसीईआरटी किताबें ही दिलाएंगी जीत

Wed, 08 Jan 2014 01:14 PM IST
अमर उजाला, देहरादून
विज्ञापन
विज्ञापन
बोर्ड परीक्षाओं की तैयारी में एनसीईआरटी की किताबें ही सबसे ज्यादा कारगर साबित हो सकती हैं।
विज्ञापन


पढ़ें, 'आप' के हुए पांडे जी

विशेषज्ञों के मुताबिक कई छात्र ज्यादा पढ़ने के चक्कर में रेफरेंस बुक्स पढ़ने लगते हैं, लेकिन इन किताबों से आधारभूत
जानकारी नहीं मिल पाती।

पढ़ें, बच्ची को कपड़े बदलते देख 'बाप' ने पार की सारी हदें...

विशेषज्ञों का मानना है कि बोर्ड और प्रतियोगी परीक्षाओं में सबसे अधिक प्रश्न एनसीईआरटी की किताबें से ही आते हैं।

यह भी रखें ध्यान
- टाइम टेबल बनाएं, सिलेबस को छोटे-छोटे हिस्सों में बांटकर तैयारी करें।
- 10 सालों के पेपर रिवाइज करें।
- जो टॉपिक्स अच्छे से आते हैं, उन्हें तैयार करें, इससे आत्मविश्वास बढ़ जाएगा।

पढ़ें, केदारनाथ में टूटी सालों से चल रही 'परंपरा'

- प्री बोर्ड एग्जाम होने के बाद दूसरे स्कूलों के प्री बोर्ड पेपर भी देखने चाहिए।
- प्रतिदिन कम से कम एक घंटे व्यायाम जरूर करें।

पढ़ें, बुलंदियों के फलक पर छाई हैं ये बेटियां

- अंतिम समय में सेलेबस पूरा करने की होड़ के बजाए जो पढ़ा है उसी पर फोकस करना चाहिए।
- बच्चों को सुबह जल्दी उठकर पढ़ाई करनी चाहिए। लेट नाइट के बजाए अर्ली मॉर्निंग स्टडी फायदेमंद है।
(एशियन स्कूल के उप प्राचार्य अनंत विजय थपलियाल के अनुसार)

गलती पर मिलेगा सुधार का मौका
ऑल इंडिया प्री मेडिकल प्री डेंटल टेस्ट( एआईपीएमटी) में आवेदन करने वाले अभ्यर्थियों के लिए अच्छी खबर है। यदि आवेदन में नाम, पिता का नाम, एड्रेस में कोई गलती हो गई है तो सीबीएसई की ओर से सुधार का मौका दिया जाएगा।

एआईपीएमटी की आवेदन प्रक्रिया विलंब शुल्क के साथ इन दिनों जारी है। लेट फीस के साथ अभ्यर्थी 31 जनवरी तक ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। एक फरवरी से 28 फरवरी 2014 तक अभ्यर्थियों के लिए त्रुटि सुधार का ऑनलाइन विकल्प मिलेगा।
विज्ञापन


आवेदन में गलती होने की सूरत में अभ्यर्थी यहां गलती सुधार सकते हैं। बोर्ड के मुताबिक त्रुटि सुधार करने पर अभ्यर्थियों को इसकी एक कॉपी अपने पास सुरक्षित रखनी होगी और एक कॉपी बोर्ड को भेजनी होगी। त्रुटि सुधार में छात्र नाम, पता, पिता का नाम, शैक्षिक योग्यता, माता का नाम आदि में सुधार कर सकता है।
विज्ञापन


सीबीएसई की ओर से गत वर्ष नीट यूजी आवेदन में भी त्रुटि सुधार का मौका दिया गया था। इससे अभ्यर्थियों को सहूलियत मिलती है लेकिन इसकी कॉपी अपने पास सुरक्षित रखना जरूरी है।
- मनु पंत, सीईओ, अचीवर्ज क्लासेज
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें