एसएफआई की विश्वविद्यालय इकाई ने कुलपति प्रो. एडीएन वाजपेयी पर विचारधारा विशेष के छात्रों पर मेहरबानी कर शून्य हाजिरी होने पर भी परीक्षा में बैठने की अनुमति देने का आरोप लगाया है।
पत्रकारों से बात करते हुए इकाई अध्यक्ष सुरेश कुमार और इकाई सचिव होशियार सिंह, उपाध्यक्ष नोवल और संजीव कुमार ने कहा कि कुलपति लगातार कार्यकर्ताओं और नेताओं को नियमों को ताक पर रख कर विशेष छूट देते रहे है, जो सीधे तौर पर विवि के नियमों का उल्लंघन है।
छात्र नेताओं का आरोप है कि पीजी कक्षाओं में पढ़ रहे ग्यारह छात्रों को कक्षा में एक भी हाजिरी न होने पर भी परीक्षा में बैठने की अनुमति दे दी। इसको लेकर विभागाध्यक्षों को सूचित तक नहीं किया गया, विभागाध्यक्षों ने इन छात्रों को अयोग्य घोषित किया था।
नियमों के अनुसार हर छात्र को 75 फीसदी हाजिरी पूरी करनी होती है। वहीं कुछ ऐसे छात्र भी हैं, जिनकी हाजिरी कम होने पर उन्हें परीक्षा में बैठने की अनुमति नहीं दी गई। आरोप है कि इससे पूर्व भी कुलपति ने विचारधारा विशेष के छात्र नेताओं को इसी तरह से सरंक्षण देने और विशेष लाभ पहुंचाने का कार्य किया है।
इनमें एमबीए विभाग, पीएचडी में प्रवेश, विधि विभाग में भी एक छात्र नेता के प्रवेश को रेगुलर करने, एमटीए विभाग में बिना परीक्षा दिए छात्र को मेरिट तक में लाने का कारनामा एसएफआई ने उजागर किया था।
सुरेश कुमार और होशियार सिंह ने कहा कि इन मामलों को तथ्यों के साथ उजागर करने के बावजूद इस तरह से किए गए प्रवेश और विशेष छूट दिए जाने के मामलों पर मांग करने पर भी आज तक कोई कार्रवाई नहीं की गई। यह विवि में शिक्षा की गुणवत्ता पर बड़ा सवाल है। एसएफआई ने चेताया है कि मामले पर आंदोलन होगा।