हाईकोर्ट के अनुमन्य सीटों पर ही दाखिले के आदेश के बाद पैदा हुए दाखिला संकट से निपटने के लिए उत्तराखंड सरकार का ईवनिंग कक्षाओं का फॉर्मूला हवा-हवाई नजर आ रहा है।
होनहार नहीं दिखा रहे रुचि
हालात यह हैं कि कई कॉलेजों में अब तक प्रक्रिया ही शुरू नहीं हो पाई है। जहां हुई भी है वहां मेरिट में चयनित होनहार रुचि नहीं दिखा रहे हैं। सरकार ने प्रवेश की अंतिम तिथि 15 सितंबर तय की हुई है।
16 सितंबर से हर जिले में जिलाधिकारी ईवनिंग क्लासेज के एडमिशन का निरीक्षण करना शुरू करेंगे। जिसकी रिपोर्ट उन्हें शासन को भेजनी है लेकिन एडमिशन प्रक्रिया अब तक अधर में है।
डीएवी पीजी कॉलेज : प्रदेश के सबसे बड़े कॉलेज डीएवी में इस बार सबसे ज्यादा संकट रहा। इसी कॉलेज में सबसे ज्यादा आंदोलन हुआ। विवि की टीम के निरीक्षण के बाद कॉलेज को ईवनिंग क्लास के लिए 1312 सीटें मिली हैं। लेकिन, छात्रसंघ चुनाव प्रक्रिया तीन दिन लेट होने के कारण दाखिला प्रक्रिया ही शुरू नहीं हो पाई है।
डीबीएस पीजी कॉलेज : कॉलेज को ईवनिंग कक्षाओं के लिए 240 सीटें मिली। बीएससी पीसीएम में 120, बीएससी पीएमजी में 30, बीएससी पीएमडी में 30 और बीएससी सीबीजेड में 60 सीटें हैं।
कॉलेज ने 11 सितंबर को मेरिट जारी की और 12 सितंबर से दाखिला प्रक्रिया शुरू कर दी। तीन दिन में कॉलेज में केवल 50 प्रतिशत सीटें ही भर पाई हैं। हाल यह है कि मेरिट में चयनित छात्र दाखिले के लिए आते हैं, लेकिन श्रीदेव सुमन विवि का नाम सुनकर लौट जाते हैं।
एसजीआरआर पीजी कॉलेज : कॉलेज में दस सितंबर को श्रीदेव सुमन विवि की टीम ने निरीक्षण किया था। लेकिन, अभी तक ईवनिंग क्लास के लिए तय सीटों का निर्धारण नहीं हो पाया है।
सोमवार को दाखिले की अंतिम तिथि है, ऐसे में यहां ईवनिंग क्लास का फॉर्मूला पूरी तरह फ्लॉप नजर आ रहा है।
बायोमीट्रिक भी एक वजह
सरकार ने ईवनिंग कक्षाओं में पढ़ने वाले छात्रों और पढ़ाने वाले शिक्षकों की उपस्थिति के लिए बायोमीट्रिक सिस्टम लगाने की घोषणा की है। अब यहां छात्र आने से कतरा रहे हैं क्योंकि बायोमीट्रिक उपस्थिति के लिए छात्र को क्लास में आना जरूरी है।
चुनाव प्रक्रिया में देरी की वजह से ईवनिंग कक्षाओं की प्रक्रिया अभी अटकी हुई है। हम इस संबंध में शासन और कालेज प्रबंधन से लगातार पत्राचार कर रहे हैं। चुनाव निपटने के साथ ही ईवनिंग कक्षाओं के दाखिले पूरे किए जाएंगे।
- डॉ. देवेंद्र भसीन, प्राचार्य, डीएवी कॉलेज
छात्रों में अपेक्षाकृत कम रुझान नजर आ रहा है। सोमवार को वेटिंग लिस्ट जारी की जाएगी। अब तक करीब 50 प्रतिशत एडमिशन हुए हैं।
- डॉ. ओपी कुलश्रेष्ठ, प्राचार्य, डीबीएस कॉलेज
कालेज में निरीक्षण हो चुका है। अभी सीटों की जानकारी नहीं मिली है। जैसे ही पता चलेगा तो आगे की कार्रवाई की जाएगी। - डॉ. अतुल गुप्ता, डीन, एसजीआरआर कॉलेज