दिल्ली विश्वविद्यालय नेत्रहीन छात्रों के लिए और बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने जा रहा है। अब तक जो सुविधाएं समान सहायता प्रकोष्ठ में दी जाती थीं, वह अब कॉलेज के पुस्तकालयों में भी उपलब्ध होंगी।
पुस्तकालयों में प्रिंट एक्सेस प्रोजेक्ट के तहत ऐसे सॉफ्टवेयर लगाए जा रहे हैं, जिससे कि नेत्रहीन छात्र न केवल किताब की पीडीएफ फाइल को सुन सकेंगे, बल्कि ब्रेल लिपि में डाउनलोड करके उसे पढ़ भी सकेंगे।
समान अवसर प्रकोष्ठ के विशेष कार्य अधिकारी डॉक्टर बिपिन तिवारी ने बताया कि लगातार ऐसे प्रयास हो रहे हैं, जिससे कि अशक्त छात्रों को भी बेहतर सुविधाएं मुहैया कराई जा सकें। सुविधाएं मिलने से वह ज्यादा आत्मनिर्भर बनेंगे।
उन्होंने बताया कि कॉलेजों की लाइब्रेरी के लिए एक मशीन लेट्स केयर और ब्रेल फेस पैकेज सॉफ्टवेयर उपलब्ध कराया जा रहा है। सॉफ्टवेयर पीडीएफ फाइल को ऑडियो में बदल देगा, जिससे किताब उन्हें सुनने को मिलेगी। इसके साथ ही वह उन्हें ब्रेल लिपि में मिल जाएगी जिसे वह पढ़ भी सकेंगे।
छात्र पुस्तकों को स्कैन करने के बाद ऑडियो को पेन ड्राइव में भी ले सकते हैं। इस तरह से वह बिल्कुल वैसे ही अध्ययन करेंगे जैसे कि सामान्य छात्र करते हैं। गौरतलब है कि डीयू में लगभग 400 नेत्रहीन छात्र हैं। इस सुविधा के मिलने से उनका अध्ययन पहले से ज्यादा आसान हो जाएगा।