दिल्ली विश्वविद्यालय में एक साल बाद फिर तीन वर्षीय डिग्री प्रोग्राम की वापसी के साथ नया शैक्षणिक सत्र 2014-15 सोमवार से शुरू हो रहा है। इसके साथ ही कॉलेजों में एक बार फिर से छात्रों की चहल-पहल दिखाई देगी।
पहले दिन फ्रेशर्स की भीड़ को देखते हुए डीयू ने कैंपस में सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए हैं। रैगिंग करने वालों और मनचलों पर डीयू प्रशासन और पुलिस की खास नजर रहेगी।
छात्र संगठन भी नए छात्रों के लिए तैयार हैं। सोमवार से जहां नया सत्र शुरू होगा, वहीं आठवीं कटऑफ में दाखिला पाने की होड़ भी कॉलेजों में नजर आएगी।
दाखिले की दौड़ लगभग खत्म होने के बाद डीयू प्रशासन नए छात्रों के स्वागत के लिए पूरी तरह तैयार है। प्रशासन की पूरी तैयारी सुरक्षा व्यवस्था पर केंद्रित है। छात्रों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए कैंपस में जगह-जगह पुलिस टीम का बंदोबस्त किया गया है।
पूरे कैंपस में पुलिस कंट्रोल रूम की आवाजाही रहेगी। रैगिंग करने वालों और मनचलों पर डीयू प्रशासन की खास नजर रहेगी। कॉलेजों में एंटी रैगिंग कमेटी का गठन किया गया है। शरारती छात्रों पर नजर रखने के लिए कैंपस में कई जगहों पर सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं।
प्रशासन ने सभी कॉलेजों और पुलिस को निर्देश दिए हैं कि रैंगिग करता कोई छात्र पाया जाए तो उसके खिलाफ तुरंत कार्रवाई हो। वहीं, सभी कॉलेजों और हॉस्टल में कभी भी बगैर सूचना के औचक निरीक्षण किए जाने की योजना है। कॉलेजों ने भी अपने स्तर पर सत्र को शांतिपूर्वक शुरू करने और छात्रों का स्वागत करने की तैयारी की है।
नए सत्र के पहले दिन किसी भी आउटसाइडर के कॉलेज में प्रवेश पर रोक है। इसके अलावा कॉलेजों ने छात्रों के लिए विशेष ओरिएंटेशन कार्यक्रम तय किए हैं, जहां उन्हें कॉलेज प्रशासन और शिक्षकों से परिचित कराया जाएगा। डीयू में सक्रिय छात्र संगठनों ने भी फ्रेशर्स के स्वागत करने की तैयारी कर ली है।