इंजीनियरिंग व मैनेजमेंट कॉलेजों में दाखिले के लिए आयोजित हुई राज्य प्रवेश परीक्षा (एसईई) 2014 की काउंसलिंग में इस बार महत्वपूर्ण बदलाव किया जा रहा है।
इस बार सभी अभ्यर्थियों का एक साथ वेरिफिकेशन करवाया जाएगा। करीब एक हफ्ते में वेरिफिकेशन की प्रक्रिया पूरी होने के बाद स्टूडेंट्स को वन टाइम पासवर्ड (ओटीपी) दिया जाएगा।
इसके बाद वह मेरिट के अनुसार चॉइस लॉक कर देंगे। अभी तक स्टूडेंट्स के डॉक्यूमेंट का वेरिफिकेशन रैंक के अनुसार कई चरणों में होता था।
इसमें वेरिफिकेशन और फिर चॉइस लॉक करने में काफी समय लगता था।
उप्र प्राविधिक विश्वविद्यालय (यूपीटीयू) इस बार काउंसलिंग की प्रक्रिया को सरल बनाने व जल्द निपटाने पर जोर दे रहा है।
अभी तक एसईई काउंसलिंग में रैंकवार स्टूडेंट्स को बुलाकार वेरिफिकेशन की प्रक्रिया आगे बढ़ती थी। वेरिफिकेशन के बाद उन्हें चॉइस लॉक करनी होती थी।
मगर इस बार जितने भी अभ्यर्थियों ने एसईई क्वालीफाई कर लिया है उन सभी का वेरिफिकेशन हफ्ते भर में एक साथ करवाया जाएगा। पहले सभी अभ्यर्थियों का वेरिफिकेशन हो जाएगा।
इसके बाद उन्हें एनआईसी के माध्यम से मोबाइल फोन पर वन टाइम पासवर्ड (ओटीपी) जारी कर दिया जाएगा। इस ओटीपी के माध्यम से वे अपनी-अपनी रैंक के अनुसार चॉइस लॉक करेंगे।
वेरिफिकेशन का काम जल्द निपट जाने के कारण इस बार चॉइस लॉक करने के लिए स्टूडेंट्स को अधिक समय दिया जाएगा।
इसका फायदा यह होगा कि स्टूडेंट मनपसंद संस्थान और कोर्स को चुनने में उन्हें सहूलियत होगी। वे आराम से इस प्रक्रिया को पूरा करेंगे।
यूपीटीयू के कुलपति डॉ. आरके खांडल ने बताया कि बदलाव का प्रारूप तैयार कर लिया गया है। अब सभी कॉलेजों व एसईई की टीम के सदस्यों से राय मांगी गई है।
पूरी उम्मीद है कि इस नई व्यवस्था को इस बार काउंसलिंग में लागू कर दिया जाएगा।
26 जून से शुरू हो सकती है काउंसलिंग
एसईई की काउंसलिंग इस बार 26 जून के आसपास शुरू हो सकती है।
यूपीटीयू प्रशासन काउंसलिंग इसी तारीख में शुरू करना चाहता है, लेकिन अभी सेंट्रल एडमिशन बोर्ड (कैब) की महत्वपूर्ण बैठक होनी है।
काउंसलिंग की तारीख पर इंजीनियरिंग कॉलेजों के प्रतिनिधि व यूपीटीयू के अधिकारी बैठक में मंथन करेंगे।
इसके अलावा स्टूडेंट्स को यह सुविधाएं दी जाएं इस पर भी मंथन होगा। कैब की बैठक दो दिन बाद आयोजित करने की तैयारी है।