सवा माह बीत चुके हैं, लेकिन लगता है गढ़वाल विवि को बीएड प्रवेश परीक्षा का रिजल्ट जारी करने की याद नहीं है।
परीक्षा का परिणाम न आने से असमंजस
एक जून को आयोजित हुई परीक्षा का परिणाम न आने से छात्र असमंजस में हैं। दाखिले के लिए अधिकतर छात्र दूसरे राज्यों का रुख करने लगे हैं।
हेमवती नंदन बहुगुणा गढ़वाल विवि की बीएड प्रवेश परीक्षा में 6500 सीटों के लिए करीब 16 हजार अभ्यर्थी बैठे थे। परीक्षा ओएमआर शीट पर हुई थी। लेकिन अब तक रिजल्ट जारी किया गया है।
विवि का दावा है कि रिजल्ट तैयार है, लेकिन इसे जारी न करने का कोई जवाब नहीं दिया जा रहा। रिजल्ट लेट होने की स्थिति में अगस्त तक काउंसिलिंग होगी और फिर दाखिले होंगे। इस लिहाज से सत्र लेट होने का भी संकट मंडराने लगा है।
गत वर्ष हुआ था नुकसान
पिछले साल भी बीएड प्रवेश परीक्षा का परिणाम लेट हुआ था। अभ्यर्थियों की संख्या अच्छी होने के बावजूद परिणाम देरी से आने के कारण छात्र दूसरे राज्यों और विश्वविद्यालयों में चले गए थे।
इससे गढ़वाल विवि से संबद्ध बीएड कॉलेजों में करीब 40 प्रतिशत सीटें खाली रह गई थी।
एक बार हो चुका है सत्र शून्य
गढ़वाल विवि के बीएड कॉलेजों का सत्र चार साल पहले शून्य घोषित किया जा चुका है।
एसोसिएशन ऑफ सेल्फ फाइनेंस इंस्टीट्यूट के अध्यक्ष सुनील अग्रवाल का कहना है कि विवि ने जल्द रिजल्ट जारी नहीं किया तो छात्रों के साथ संस्थानों को भी परेशानी का सामना करना होगा।