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कमाई के लिए अभिभावकों को टॉर्चर कर रहे स्कूल

Mon, 31 Mar 2014 11:52 AM IST
अमर उजाला, देहरादून
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राजधानी देहरादून के स्कूलों ने मनमानी सभी हदें पार कर दी हैं। अमर उजाला हेल्पलाइन पर रविवार को ऐसी तमाम शिकायतें मिली।
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स्कूलों ने कोचिंग संस्थानों से टाईअप कर कमाई का नया तरीका निकाल लिया है। सीबीएसई अपने स्कूलों में ऐसी गतिविधियों पर रोक लगा चुका है, लेकिन आईसीएसई बोर्ड के स्कूलों पर कोई लगाम नहीं है।

कोचिंग के नाम पर वसूली जा रही मोटी रकम अभिभावकों पर बहुत भारी पड़ रही है। परेशानियां और भी हैं, मसलन एसजीआरआर पब्लिक स्कूल के अभिभावकों की शिकायत है कि हर साल उनसे एडमिशन की पूरी फीस ली जाती है।
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किताबों में भी स्कूल कर रहे कमाई

फीस जमा करने में देरी होने पर कारमन स्कूल प्रेमनगर ने एक महिला अभिभावक को बच्चे की टीसी लेने का फरमान जारी कर दिया है। कई स्कूलों के अभिभावकों की शिकायत है कि किताबों में भी स्कूल कमाई कर रहे हैं।

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एक अभिभावक का आरोप है कि स्कूल द्वारा बताया गया बुक स्टॉल संचालक हर किताब के साथ कॉपी जरूर दे रहा है, जबकि उन्हें कॉपी की जरूरत ही नहीं है।

स्कूल अपनाते हैं ये तरीके

- कई अभिभावकों ने शिकायत की है कि स्कूलों ने प्राइवेट कोचिंग संस्थानों से टाईअप कर लिया है। यह संस्थान केवल गणित और विज्ञान पढ़ाने के लिए 31 हजार रुपए और सर्विस टैक्स अलग से वसूल रहे हैं।

बाकी विषयों की पढ़ाई के लिए स्कूल अपनी पूरी फीस वसूल रहे हैं। इस टाईअप गेम से अभिभावकों की जेब पर दोगुना बोझ बढ़ गया है।

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- सेंट जेवियर स्कूल के एक अभिभावक ने बताया कि उन्हें बच्चे की किताबें और ड्रेस लाने के लिए एक पर्ची दी गई है। स्कूल जाखन में है और किताबों की दुकान सहस्त्रधारा रोड, आईटी पार्क के निकट।

यानी करीब आठ किलोमीटर दौड़ लगाकर किताबें मिल रही हैं। इस पर्ची पर लिखा है कि दूसरी किसी भी दुकान पर किताबें नहीं मिलती।

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- सेंट जोजेफ्स एकेडमी के कुछ अभिभावकों की शिकायत है कि गत वर्ष उनके बच्चों को दबाव के चलते आरटीई नियमावली के तहत आठवीं में पास कर दिया गया था।

इस वर्ष नौवी में पहुंचने के बाद स्कूल ने उन सभी छात्रों को दोबारा फेल कर दिया है। साथ ही सलाह भी दे रहे हैं कि जाकर ओपन बोर्ड से परीक्षा दिलाओ।
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हमसे साझा करें अपना दर्द

तमाम दावों के बावजूद मनमानी पर उतारू स्कूलों पर लगाम कसने में शिक्षा विभाग नाकाम साबित हुआ है। पिछले साल भी तमाम स्कूलों को नोटिस जारी किए गए थे, लेकिन हुआ कुछ नहीं।

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इस वर्ष अभी तक शिक्षा विभाग एक एडवाइजरी तक जारी नहीं कर पाया है। विभाग के अधिकारियों का कहना है वह शिकायतों पर कार्रवाई करते हैं।

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यदि पब्लिक स्कूलों की मनमानी से आप परेशान हैं तो अपनी शिकायत हमसे साझा कर सकते हैं। हमारे हेल्पलाइन नंबर 8392922180 पर सुबह 11 बजे से दोपहर 1 बजे तक आप कॉल कर सकते हैं।

आपकी पहचान छिपाकर रखी जाएगी। इसके अलावा हमारे ईमेल आईडी editor@ddn.amarujala.com पर भी शिकायत भेज सकते हैं।
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