राजधानी के कन्या महाविद्यालय, संजौली कॉलेज, कोटशेरा कॉलेज और इवनिंग कॉलेज में बुधवार से दाखिले की दौड़
शुरू हो गई है। प्रवेश प्रक्रिया 20 जून तक चलेगी।
सभी कॉलेजों में छात्र-छात्राओं को रूसा को समझाने के लिए प्रकोष्ठ और समितियां गठित की गई हैं। फैकल्टी वाइज
गठित शिक्षकों की कमेटियां 20 जून तक छात्र-छात्राओं को जागरूक करेंगी। यही नहीं कॉलेजों में छात्र संगठनों ने भी
गाइडेंस ब्यूरो स्थापित कर दिए हैं।
कन्या महाविद्यालय में बुधवार सुबह से दोपहर बाद तक सैकड़ों की तादाद में छात्राएं प्रवेश लेने के लिए पहुंचीं। एबीवीपी, एनएसयूआई और एसएफआई ने गाइडेंस ब्यूरो स्थापित कर प्रथम सत्र वाले छात्र-छात्राओं का सहयोग किया।
प्राचार्य प्रो. मीरा वालिया ने बताया कि छात्रों की सुविधा के लिए फै कल्टी वाइज समितियां कार्य कर रही हैं।
संजौली कॉलेज में भी सैकड़ों छात्रों ने परिसर पहुंचकर प्रवेश की प्रक्रिया में हिस्सा लिया। प्राचार्य डॉ. जेएस नेगी ने
बताया कि परिसर में शांतिपूर्ण माहौल में प्रवेश की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है।
कोटशेरा कॉलेज में भी सुबह से ही छात्र संगठनों के कार्यकर्ता सक्रिय रहे। कॉलेज प्राचार्य डॉ. उमा रणदेव ने परिसर में प्रवेश प्रक्रिया के लिए अलग से शिक्षकों की समितियां भी बनाई है जो बुधवार से पूरी तरह से सक्रिय हो गई हैं।
प्रदेश विश्वविद्यालय सेंटर फार इवनिंग स्टडीज में भी बुधवार से प्रवेश प्रक्रिया शुरू हो गई है। शाम 5:40 से 9:00 बजे
तक परिसर में तीनों छात्र संगठनों ने गाइडेंस ब्यूरो स्थापित कर लिए। प्राचार्य प्रो. मंजू बाली ने प्रवेश प्रक्रिया के लिए
एडमिशन कमेटियों को हर छात्र की समस्या को दूर करने और उनका मार्गदर्शन करने के निर्देश दिए हैं।