थोक महंगाई दर में नरमी से ब्याज दरें घटने की उम्मीद में घरेलू शेयर बाजार पिछली गिरावटों से उबरने में कामयाब रहे। सोने-चांदी में तगड़ी गिरावट और वैश्विक बाजारों में कच्चे तेल की कीमतों में आई कमी से भी निवेशकों को शेयर बाजार का रुख किया।
बैंकिंग व तेल एवं गैस कंपनियों के शेयरों में तगड़ी लिवाली के बल पर बंबई शेयर बाजार (बीएसई) का सेंसेक्स 115.24 अंक की बढ़त लेकर 18,357.80 पर बंद हुआ। नेशनल स्टाक एक्सचेंज (एनएसई) का निफ्टी भी 39.85 अंक ऊपर 5,568.40 अंक पर रहा।
तेल एवं गैस, एफएमसीजी, पीएसयू, कैपिटल गुड्स, रीयल्टी और बैंकिंग वर्ग में चौतरफा तेजी रही। छोटी और मझोली कंपनियों के शेयरों में तेजी देखी गई। बीएसई का मिडकैप 9 अंक ऊपर 6,108.65 और स्मालकैप 25.41 अंक बढ़कर 5,897.52 अंक पर रहा।
इस वर्ष मार्च में थोक मूल्य सूचकांक पर आधारित महंगाई दर 1.73 फीसदी की गिरावट के साथ 40 माह के न्यूनतम स्तर 5.96 फीसदी पर आ गई। महंगाई दर के नीचे आने से रिजर्व बैंक के लिए अगले माह कर्ज एवं मौद्रिक नीति की वार्षिक समीक्षा में ब्याज दरों में कटौती के लिए रास्ता आसान होने की उम्मीद है।
बाजार में इस खबर से निवेश की धारणा मजबूत हुई। सराफ बाजार में आ रही भारी गिरावट से भी निवेशकों ने शेयर बाजार का रुख किया। घरेलू बाजार में बीएसई में कुल 2,431 कंपनियों के शेयरों में कारोबार हुआ। इसमें 1,246 लाभ में और 1,044 नुकसान में रहे बाकी 123 में कोई बदला नहीं हुआ।
सेंसेक्स में लाभ कमाने वालों में ओएनजीसी, एसबीआई, भारती एयरटेल, आरआईएल, आईटीसी, इनफोसिस, एलएंडटी, एचडीएफसी, मारुति, जिंदल स्टील, गेल इंडिया, बजाज ऑटो, आईसीआईसीआई बैंक और सन फार्मा के शेयर 0.01 से 3.45 प्रतिशत तक ऊपर रहे। नुकसान में रहने वालों में स्टरलाइट, रेड्डीज लैब, टीसीएस, टाटा मोटर्स, कोल इंडिया, सिप्ला, टाटा स्टील, महिंद्रा, टाटा पावर, हीरो मोटोकार्प, विप्रो, हिंदुस्तान यूनि, भेल, हिंडाल्को, एचडीएफसी बैंक और एनटीपीसी 0.04 से 2.60 फीसदी के साथ शामिल रहे।