राज्यसभा से बैंकिंग विधेयक को मंजूरी मिलने के साथ ही यह संसद से पारित हो गया। इससे कॉरपोरेट घरानों के लिए बैंकिंग सेक्टर में प्रवेश करने का रास्ता साफ हो गया। राज्यसभा में संयुक्त रूप से दो विधेयकों बैंकिंग कानून संशोधन विधेयक 2012 और प्रतिभूति हित का प्रवर्तन और कर्ज वसूली कानून संशोधन विधेयक 2012 पर हुई चर्चा में वित्त मंत्री पी. चिदंबरम ने बताया कि कर्ज वसूली कानून या सरफेसी कानून में संशोधन किया गया है।
उन्होंने कहा कि इन विधेयकों के संसद से पारित हो जाने से वित्तीय सेक्टर और मजबूत होगा। इसके साथ ही वित्तीय समावेशन को प्रोत्साहन देने के अलावा देश में बड़े बैंकों को शुरू करने में भी मदद मिलेगी।