अगली बार जब आप रेस्तरां में खाने जाएं तो बिल एक बार जरूर चेक कर लें,कहीं आप ज्यादा तो पेमेंट नहीं कर रहे हैं। सरकार ने स्पष्ट किया है कुछ रेस्तराओं और होटलों की ओर से लिया गया ‘सर्विस चार्ज’सेवा कर (सर्विस टैक्स) नहीं है।
दरअसल यह लेवी है, जो कुल बिल पर 5.8 की दर से वसूली जाती है। वित्त मंत्रालय ने एक बयान जारी कर साफ कहा है कि कुछ होटलों, रेस्तोरेंट्स और खाने-पीने की दुकानों पर खाने-पीने की चीजों पर सर्विस चार्ज लगाया जा रहा है।
यह बिल में जोड़ा जाता है। यह लेवी वह अपने पास रखते हैं। कुछ उपभोक्ताओं को गलतफहमी है कि सर्विस चार्ज के नाम पर जो वसूला जा रहा है वह सर्विस टैक्स है और उसे सरकार की ओर से वसूला जा रहा है।