फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

बीएसई ने सख्त किए एसएमई में लिस्टिंग के नियम

Tue, 27 Nov 2012 08:55 PM IST
मुंबई/एजेंसी
विज्ञापन
विज्ञापन
बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज (बीएसई) ने छोटी और मझोली कंपनियों के लिए बनाए अपने प्लेटफार्म स्मॉल एंड मीडियम एक्सचेंज (एसएमई) में कंपनियों की लिस्टिंग के नियमों को कड़ा कर दिया है। इसके तहत अब एक्सचेंज के प्रतिनिधियों द्वारा कंपनी परिसर का दौरा किए जाने के बाद ही किसी कंपनी की एसएमई में लिस्टिंग की जाएगी।
विज्ञापन


बीएसई ने इस बारे में जारी निर्देश में कहा है कि एसएमई में लिस्टिंग के लिए आवेदन करने वाली कंपनियों के परिसर का दौरा बीएसई की टीम द्वारा किया जाएगा। इसके बाद ही कंपनी को ऑफर डाक्यूमेंट में एक्सचेंज का नाम इस्तेमाल करने की अनुमति दी जाएगी। इसके अलावा कंपनियों को किसी प्रैक्टिस करते कंपनी सेक्रेटरी का स्वीकृति प्रमाणपत्र (कंप्लायंस सार्टिफिकेट) भी दाखिल करना होगा, जोकि इस्टीट्यूट ऑफ कंपनी सेकेट्रीज ऑफ इंडिया (आईसीएसआई) द्वारा निर्धारित मानकों के अनुरूप होना चाहिए।

इसके अलावा बीएसई ने एसएमई में लिस्टिंग के बाद कंपनी के मेन एक्सचेंज में स्थानांतरित करने के नियमों में भी कड़ाई की है। नए नियम के मुताबिक कोई कंपनी अगर बीएसई के एसएमई एक्सचेंज में लिस्टिंग के बाद मेन एक्सचेंज में आना चाहती है, तो इसके लिए उसे एसएमई प्लेटफार्म पर कम से कम दो साल तक कारोबार करना जरूरी होगा। ऐसे में एसएमई में लिस्टेड कंपनियां दो साल बाद ही कंपनियां मेन एक्सचेंज में जगह पाने की हकदार होंगी। इसके लिए कंपनियों को सेबी द्वारा निर्धारित मानदंडों को पूरा करना भी जरूरी होगा।
विज्ञापन


गौरतलब है कि छोटी और मझले दर्जे की कंपनियों को बढ़ावा देने के लिए बीएसई ने इस साल मार्च में ही उनके लिए एसएमई नाम से अलग ट्रेडिंग प्लेटफार्म शुरू किया था, जिसे काफी अच्छी प्रतिक्रिया मिली। कुछ महीनों के भीतर ही अबतक एसएमई में 11 कंपनियां सूचीबद्ध हो चुकी हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें