एशियाई विकास बैंक (एडीबी) ने देश की आर्थिक विकास दर का अनुमान घटा कर 5.4 फीसदी कर दिया है। इससे पहले एडीबी ने सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) की वृद्धि दर 5.6 फीसदी रहने का अनुमान जताया था। बैंक ने चौथी बार देश की विकास दर के अनुमान में कटौती की है।
एडीबी ने शुक्रवार को जारी एशियन डेवलपमेंट आउटलुक 2012 में मौजूदा वित्त वर्ष के साथ-साथ वित्त वर्ष 2013 के लिए भी अनुमान जारी किया है।
अगले वित्त वर्ष में उसने विकास दर 6.5 से 6.7 फीसदी के बीच रहने का अनुमान जताया है। एडीबी ने कहा है कि एशिया के विकासशील देशों का आर्थिक विकास फिलहाल सुस्त चल रहा है, पर 2013 में इसके जोर पकड़ने की उम्मीद है।
बैंक भारतीय अर्थव्यवस्था में सुस्ती के लिए घरेलू और ग्लोबल दोनों ही तरह की वजहों को जिम्मेदार बताया है। एडीबी ने कहा है कि ग्लोबल स्तर पर मांग में कमी और मानसून में देरी का प्रभाव भारतीय अर्थव्यवस्था पर पड़ा है।
गौरतलब है कि इससे पहले एडीबी ने अप्रैल में भारत की विकास दर 7 फीसदी रहने का अनुमान जारी किया था, जिसे जुलाई में घटा कर 6.5 फीसदी कर दिया था।
फिर इसे घटाकर 5.6 फीसदी किया और अब 5.4 फीसदी कर दिया है। उसने भारत सहित एशिया के 45 देशों के जीडीपी अनुमान में कटौती की है।