सरकार की सीधी एलपीजी सब्सिडी योजना में देश के 35 और जिलों को शामिल किया गया है।
योजना के तहत उपभोक्ताओं के बैंक खातों में सीधे एलपीजी गैस पर मिलने वाली सब्सिडी राशि हस्तांतरित कर दी जाती है। अभी तक सरकार ने देश के 20 जिलों में इसे सफलतापूर्वक लागू किया है।
1 सितंबर से केरल के 12, आंध्र प्रदेश के 7, हिमाचल प्रदेश के 7, पंजाब के 5, मध्य प्रदेश के दो तथा महाराष्ट्र और गोवा के एक एक जिले के करीब 1.4 करोड़ उपभोक्ता इस योजना का लाभ पा सकेंगे। 20 जिलों के 2.12 करोड़ उपभोक्ता योजना का लाभ पहले से ही पा रहे हैं।
योजना के तहत उपभोक्ता जब सिलेंडर बुक कराता है तो उसी समय उसके बैंक खाते में एडवांस में 435 रुपये आ जाते हैं। जिसकी मदद से वह बाजार कीमत के आधार पर भरा सिलेंडर खरीद सकता है।
बाजार कीमत पर एक सिलेंडर दिल्ली में लगभग 820 रुपये का पड़ता है। सब्सिडी वाले सिलेंडर की कीमत 410 रुपये है। जब भी उपभोक्ता सब्सिडी वाले पहले सिलेंडर के लिए बुकिंग करेगा उसी दौरान उसके खाते में 435 रुपये आ जाएंगे।
1 जून को योजना के शुरू होने से अब तक 40 लाख सीधे नकद हस्तांतरण उपभोक्ताओं के बैंक खाते में हो चुके हैं। अब तक 150.6 करोड़ रुपये बतौर सब्सिडी हस्तांतरित किए जा चुके हैं।
आधार कार्ड वाले सभी एलपीजी उपभोक्ता जैसे ही सब्सिडी वाले पहले सिलेंडर की बुकिंग करते हैं तो डिलीवरी से पहले ही उनके खाते में 435 रुपये आ जाते हैं।
जैसे ही पहला सिलेंडर उपभोक्ता के लिए जारी होता है तो उसके खाते में अगली सब्सिडी की राशि आ जाएगी। उपभोक्ता बाद में इस राशि की मदद से बाजार कीमत पर सब्सिडी के सिलेंडर खरीद सकते हैं।