दहेज लेना और देना पाप है। ऐसे में आपने दहेज में कार और मोटरसाइकिल जैसी चीजों की की मांग सुनी होगी लेकिन क्या आपने दहेज में भैंस की मांग सुनी है। अचंभा होगा लेकिन ये सच है। ऐलनाबाद में एक साथ ब्याही दो बहनों से ससुराल वालों ने दहेज में भैंस मांगी और न देने पर बहुओं को परेशान करने लगे।
अधिवक्ता उमेश शर्मा से मिली जानकारी के अनुसार निकटवर्ती चाइया गांव निवासी भंवरलाल नायक की दोनों पुत्रियां सुमन व मुकेश की शादी गांव कुम्भथल, ऐलनाबाद निवासी बनवारीलाल के दोनों पुत्रों शमसूरू कालूराम व संदीप के साथ पिछले वर्ष 24 जून को संपन्न हुई थी जिसमें भंवरलाल ने अपनी हैसियत के अनुसार दोनों दामाद को दहेज के रूप में कई वस्तुएं दीं लेकिन शादी के कुछ महीनों बाद ही ससुराल पक्ष ने दोनों लड़कियों के जेवर हथियाते हुए उनसे दहेज के रूप में 30 हजार रुपए की भैंस लाने के लिए मांगने लगे।
इस बाबत 2 बार पंचायत होने के बाद भी ससुराल पक्ष अपनी मांग पर अड़ा रहा और सुमन व मुकेश को प्रताडित करता रहा न्यायालय ने उक्त इस्तगासा के तहत ससुर बनवारीलाल सास संतोष दोनों पुत्र कालूराम व संदीप के खिलाफ मामला दर्ज करने के आदेश पुलिस को दे दिए हैं।
पिता निहालचंद द्वारा ससुराल पक्ष को शादी के वक्त अपनी हैसियत के अनुसार दहेज दिया गया लेकिन 2 वर्ष तक तो सब कुछ ठीक चलता रहा लेकिन गौना के बाद पूजा जब ससुराल गई तो जेठानी विमला ने पूजा के पहने जेवरात हथिया लिए और पति निहालचंद ने मोटरसाइकिल की मांग को लेकर पूजा को प्रताड़ित करना शुरू कर दिया पंचायत में भी समझाए किए जाने के बाद ससुराल पक्ष नहीं माना इस्तगासे में पति निहालचंद भाई बलवीर व जेठानी विमला के खिलाफ मामला दर्ज के आदेश दिए हैं।