स्टेनले का डिब्बा फिल्म आपने देखी होगी लेकिन ये कहानी फिल्मी नहीं बल्कि असल जिंदगी की हकीकत है। जहां एक टीचर हर रोज अपने स्टूडेंट्स का लंच ही गटक जाती थी।
न्यूजीलैंड की ये टीचर हर रोज बच्चों का खाने का डिब्बा गटक जाती थी। शुरू में तो इस चाइल्डकेयर सेंटर के बच्चों ने ध्यान नहीं दिया। बच्चों को लगा कि बच्चे ही एक दूसरे का लंच खा जाते हैं। लेकिन जब रोज ही ऐसा होने लगा तो उन्होंने इसकी शिकायत कर दी।
लंच बॉक्स और बीमारी
लाइफस्टाइल के अनुसार, पहले पहल तो प्रबंधन ने भी बच्चों की इस शिकायत पर ध्यान नहीं दिया और यही सोचा कि ये बच्चों की आपसी गलतफहमी हो सकती है। लेकिन बाद में जब बच्चों के कमरे में लगे कैमरे के फुटेज देखे गए तो प्रबंधन के होश फाख्ता हो गए।
फुटेज में पता चला कि बच्चों का कहना सही था और बच्चों की टीचर ही उनका लंच खा जाया करती थी। मजेदार बात ये रही कि जब टीचर से इस बारे में पूछा गया तो उसने चुपचाप मान लिया कि ये सबकुछ उसने ही किया है।
टीचर को बच्चों का लंच हजम करने के एवज में क्या सजा मिली, ये तो पता नहीं लेकिन अब बच्चों को उनका लंच नियमित रूप से लंच बॉक्स में ही मिलने लगा है।