20 साल के माइक मूर की कहानी औरों की आम जिंदगी से बिल्कुल अलग थी। ऐसा इसलिए क्योंकि बचपन में ही हुए एक ऑपरेशन में उन्हें अपने जननांग आंशिक रूप से गंवाने पड़े थे।
सात साल की नन्हीं उम्र में हुए इस ऑपरेशन ने माइक को बचपन से ही तनाव का शिकार बना दिया। उसने अपना आत्म विश्वास भी खो दिया था।
अपने जननांग को वापस पाने के लिए माइक ने बड़े होने तक कोई आस नहीं छोड़ी। उसने कई बार अपने आंशिक जननांग को पूरी तरह से विकसित करने के लिए ऑपरेशन कराना चाहा।