तेंदुए और इंसान की भिड़ंत के कई किस्से सामने आते रहते हैं, लेकिन यह कुछ खास है। इस मामले में तेंदुए ने जिस पर हमला किया, उस इंसान को मामूली खरोंच आई, लेकिन जानवर खुद मारा गया।
52 वर्षीय विथोबा गांवकर ने बताया रात करीब साढ़े दस बजे उन्होंने कुत्तों को भौंकते सुना, तो वह बाहर निकले। बाहर निकलते ही वह यह देखकर हैरान रह गए कि सामने एक तेंदुआ था।
देखते ही तेंदुए ने उन पर हमला कर दिया और उनकी टांग पकड़ ली। लेकिन शोर मचाने के कारण वहां भीड़ जमा हो गई और तेंदुआ भाग निकला।
बाद में मादा तेंदुए को पकड़कर हत्तीपॉल वाइल्डलाइफ रेस्क्यू सेंटर ले जाया गया, जहां उसकी मौत हो गई। रेंज फॉरेस्ट ऑफिसर विश्वनाथ पिंगुलकर ने बताया, 'हमें उसकी मौत का असल कारण नहीं पता चला है।'
मरगांव से डिप्टी कंसरवेटर ऑफ फॉरेस्ट रमेश देसाई ने कहा, 'हम मौत की असल वजह पता लगाने की जांच कर रहे हैं।'
तेंदुए का पोस्टमार्टम करने वाले वेटेरनरी डॉक्टर का कहना है कि दिल में जख्म होने के कारण यह जानवर मारा गया।
उन्होंने कहा, 'दिल में गहरे जख्म के कारण तेंदुए की मौत हो गई। वह प्रेगनेंट था और गर्भ में मौजूद दो शावक भी मारे गए।