ये सच है कि बिदाई के समय लगभग हर लड़की रोती ही है लेकिन चीन में बिल्कुल अलग तरह का रिवाज है। जहां रोना एक नियम है और बिना इस नियम के शादी को अधूरा माना जाता है।
चीन के तुजा समुदाय के लोगों के लिए शादी में रोना एक परंपरा है, जिसे पूरा करना उनके नियम भी है और वो इस शुभ भी मानते हैं। तुजा समुदाय में होने वाली दुल्हन एक महीने पहले से ही रोना शुरु कर देती है और वो हर रोज करीब एक घंटे जरूर रोती है।
दस दिन बितने के बाद लड़की की मां भी उसके साथ रोना शुरू कर देती है और उसके दस दिन बाद लड़की की दादी। उसके बाद महीने के अंत में घर की सारी औरतें लड़की के साथ रोना शुरू कर देती हैं।
हालांकि यहां पर रोना किसी दुख से जोड़कर नहीं देखा जाता बल्कि रोने को यहां खुशी और सौभाग्य से जोड़कर देखा जाता है। यहां इस बात का भी पूरा ध्यान रखा जाता है कि औरतें अलग-अलग सुर में रोएं। ये किसी गाने जैसा ही लगता है।