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ये कैसा प्यार! जिसने बीवी और बेटी से उनका चेहरा ही छीन लिया

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आज वेलेंटाइन डे पर जहां प्रेमी जोड़े एक-दूसरे से प्यार का इजहार करने में व्यस्त हैं, एक-दूसरे को उपहार देकर, प्यार की कसमें खाकर, आने वाले हर जन्म में साथ रहने का वादा कर रहे हैं वहीं दुनिया में कई कहानियां, प्रेम-कहानियां ऐसी भी होती हैं, जो किसी शाप से कम नहीं लगतीं।
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गर्भ में पल रहा है दो सिर, दो दिमाग का बच्चा, फिर भी मां...

इन रिश्तों की कड़वी यादों का बोझ इतना अधिक होता है कि इंसान चाहकर भी खुद को उनसे दूर नहीं कर पाता।

ये कहानी भी कुछ वैसी ही है। जहां एक औरत है, उसका विश्वास है, एक बेटी है और उसका दुलार है...पर एक ही पल में सबकुछ कांच की तरह बिखर जाता है।

ईश्वर ऐसे रिश्ते किसी को न दे

कहानी का कुछ अंदाजा तो आपको हो ही गया होगा लेकिन एक बात शर्तिया तौर पर कह सकते हैं कि इसे पूरा पढ़ने के बाद आपके मुंह से बस इतना ही निकलेगा, 'ईश्वर ऐसे रिश्ते किसी को न दे।'

संभव है ये कहानी आपने पहले भी पढ़ या सुन रखी हो। ये कहानी है तीन साल की राना और उसकी मां सोमायेह मेहरी की।

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उन पर जुल्म करने वाला एक का पति थ और दूसरे का पिता।

ऐसा भी कोई कर सकता है क्या?

सोमायेह और राना एसिड अटैक की शिकार हैं। पर एसिड अटैक से पहले भी सोमायेह ने हर रोज तरह-तरह की यातनाएं झेली थीं।

उसका पति लगभग हर रोज उसे मारता था। बिना ये सोचे की वो काठ नहीं, इंसान है। उसकी बीवी है। जिसे वो ब्याह कर लाया है। जिसने उसका घर बसाया है।

इस लड़की ने पैदा होने के बाद से कुछ नहीं खाया, जानना चाहेंगे क्यों?

वो अक्सर उसे कमरे में बंद कर देता। वो भले सोमायेह को जानवर समझता हो, लेकिन वो थी तो इंसान ही।

बर्दाश्त नहीं हुई जलालत

और फिर एक दिन....

हर रोज मार खाना, कमरे में बंद होना , गालियां सुनना सोमायेह का नसीब बन चुका था। पर एक दिन उसके सब्र ने जवाब दे दिया और उसने अपने पति आमिर से उसे तलाक देने को कह दिया।

हर रोज मार खाने से तो बेहतर उसे यही लगा कि वो शादीशुदा होते हुए भी अकेले रहे।


पौरुष को धक्का लगा

आमिर को ये बर्दाश्त नहीं हुआ। उसे लगा रोज उसके आगे गिड़गिड़ाने वाली, रोने वाली सोमायेह आज बोलने क्यों लगी? उसने सोमायेह को धमकी दी कि भविष्य में अगर उसने ऐसा दोबारा कहा तो वो उसकी जान ले लेगा।

.. और वो स्याह रात

जून 2011 जैसी वो रात कभी किसी की जिंदगी में न आए। आमिर के पौरुष को ठेस तो लगी ही थी और उसने धमकी तो पहले ही दे दी थी।

ऐसे में उसने न बीवी को छोड़ा और न बच्ची को। सोमायेह और राना सो रही थीं। उन्होंने शायद सोचा भी नहीं होगा कि जिसके साथ रहना, उनके लिए सुरक्षा का दूसरा नाम है वो ही उनके साथ ऐसा करेगा।

इसके कपड़े उतार दो, सूली पर टांग, फिर जिंदा जला दो, क्‍योंकि ये...

आमिर ने बाल्टीभर एसिड लाकर मां और बेटी पर उड़ेल दिया। दोनों के शरीर का शायद ही कोई ऐसा हिस्सा होगा जो झुलसा न हो।

छिन गईं आंखें

सोमायेह का चेहरा तो खराब हुआ ही साथ ही दोनों आंखों की रोशनी भी चली गई। वहीं राना की एक आंख की रोशनी हमेशा के लिए खो गई।

इस लड़की ने पैदा होने के बाद से कुछ नहीं खाया, जानना चाहेंगे क्यों?

सोमायेह के पिता ने अपनी बेटी और नातिन के इलाज ‌के लिए जमीन बेच दी। पर क्या एक गरीब बाप के लिए इन दोनों का इलाज करवा पाना संभव है?
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भारत में भी है ऐसी कई कहानियां

सोमायेह जैसी न जानी कितनी लड़कियां हमारे देश में भी हैं। जो किसी न किसी वजह से एसिड अटैक का शिकार होती हैं। जिनमें से ज्यादातर मामले इकतरफा प्यार वाले होते हैं, पर क्या यही प्यार है, और प्यार करने से मना कर देने का अंजाम है....?(सभी तस्‍वीरें: www.worldpressphoto.org) by: इब्राह‌िम नोरूजी
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