बिहार विधान परिषद में जलवायु परिवर्तन पर हो रही बहस के दौरान एक एमएलसी ने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को नोबेल पुरस्कार देने की मांग उठाई।
बहस के दौरान जेडीयू के एमएलसी खालिद अनवर ने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार द्वारा जलवायु परिवर्तन पर किए गए कामों की सराहना करते हुए कहा कि मैं सीएम नितीश कुमार के लिए नोबेल पुरस्कार नहीं चाहता, बल्कि मैं इसे बिहार के 12 करोड़ लोगों के नेता के लिए चाहता हूं।
एमएलसी खालिद अनवर ने कहा कि बिल गेट्स ने भी नीतीश कुमार के जलवायु परिवर्तन को लेकर कर रहे कामों की सराहना की है।उन्होंने कहा कि जलवायु परिवर्तन से आज पूरी दुनिया परेशान है।जलवायु परिवर्तन और ग्लोबल वार्मिंग पर काम के लिए 2007 में नोबेल प्राइज दिया गया था। उन्होंने कहा कि जब संयुक्त राष्ट्र के वाइस प्रेसिडेंट अल्बर्ट गोरे जूनियर को इस काम के लिए नोबेल पुरस्कार दिया जा सकता है तो नीतीश कुमार को क्यों नहीं मिल सकता? उन्होंने इसके लिए परिषद को पहल करने की भी बात कही।
खालिद अनवर के इस बयान का समर्थन जदयू के ही एक और एमएलसी दिलीप चौधरी ने भी किया। दिलीप ने विधान परिषद में एक प्रस्ताव पारित कर नाम भेजने की सिफारिश तक कर डाली। उन्होंने कहा कि बिहार देश में पहला ऐसा राज्य है जिस ने 13 जुलाई 2019 को बिहार मंडल के सभी नेताओं के साथ जलवायु परिवर्तन पर चर्चा की थी। इसलिए नीतीश कुमार का नाम निश्चित तौर पर नोबेल प्राइज के लिए नामित किया जाना चाहिए।