बिहार में अपराधियों का खौफ बढ़ता जा रहा है। दिन दहाड़े मर्डर, लूट की घटनाएं आम हो गई है। पुलिस का खौफ खत्म होता जा रहा है। अपराधियों का खौफ हावी होते जा रहा है। जिसको लेकर विपक्ष भी लगातार सत्तापक्ष पर हमलावर है। लेकिन सत्ता में बैठे नेता और नीतीश कुमार बिहार के विधि व्यवस्था को लेकर सिर्फ बयानबाजी करते नजर आ रहे हैं।
नीतीश कुमार अपराध को लेकर जीरोटोरलेंस की बात करते हैं। लेकिन जमीनी हकीकत कुछ और है। ताजा मामले नवादा, रोहतास, बेगूसराय एवं सीतामढ़ी के हैं। नवादा में एक अधेड़ की गला रेत कर हत्या कर दी गई तो बेगूसराय में एक विवाह समारोह में गोलीबारी की जद में आने के कारण दूल्हे के भतीजे की मौत हो गई।
विवाह समारोह में ही सीतामढ़ी में भी गोलीबारी हुई, जिसमें कथित रूप से एक अधेड़ गंभीर रूप से घायल हो गया है। रोहतास में लुटेरों ने पिता-पुत्र पर चाकु ओं से हमला कर दिया, जिसमें पिता की मौत हो गई। घटना में घायल बेटे की हालत नाजुक बताई जा रही है।
वहीं, नवादा जिले के कौआकोल थाना क्षेत्र के छबैल गांव में बीती रात एक अधेड़ की गला रेत कर हत्या कर दी गई। मृतक बरन ठाकुर जल वाहक था, जो घटना के वक्त गांव के ही पानी की टंकी के कमरे में सोया था।
वहां बाइक से दो लोग पहुंचे और उसका गला रेत दिया। घायल बरन ठाकुर ने उसी स्थिति में भाग कर पुलिस को सूचना दी। इलाज के लिए ले जाने के दौरान रास्ते में ही उसकी मौत हो गई। बताया जा रहा है कि मौत के पहले बरन ठाकुर ने हमलावरों की जानकारी पुलिस को दिया