जेसिका लाल हत्याकांड के दोषी सिद्धार्थ वशिष्ठ उर्फ मनु शर्मा को तिहाड़ जेल से मुक्त करने का फैसला लिया गया है। दिल्ली के गृहमंत्री सत्येंद्र जैन की अध्यक्षता में हुई सजा समीक्षा बोर्ड की बैठक में इसकी सिफारिश की गई। हालंाकि, मनु शर्मा के जेल से बाहर आने के फैसले पर अंतिम मुहर उपराज्यपाल को लगानी है। सूत्रों का कहना है कि बोर्ड जल्द ही इसकी फाइल राजनिवास भेज देगा।
दिल्ली सरकार के अधिकारियों का कहना है कि अभी तक करीब एक हजार कैदियों को पेरोल पर छोड़ा गया है। इनमें से 37 मामलों में मेरिट के आधार पर फैसला लिया है। वहीं, 22 अन्य मामलों में कैदियों को छोड़ने के लिए बनाए गए मानकों पर वे खरे उतरते हैं।
इसी में से एक मामला मनु शर्मा का भी है, जिसे जेल से रिहा करने की अपील पांच बार पहले भी कमेटी के सामने की गई थी, लेकिन खारिज कर दी गईं। नई अपील आने से पहले तिहाड़ जेल प्रशासन, दिल्ली पुलिस और जेसिका लाल के परिजनों की ओर से भी कहा गया था कि मनु शर्मा को जेल से छोड़ने में कोई आपत्ति नहीं है।