सड़कों पर उतरे शिक्षामित्रों के गुस्से का शिकार आम लोगों को भी होना पड़ा। गोरखनाथ मंदिर की ओर जाने की कोशिश कर रहे शिक्षामित्रों ने बसों में तोड़फोड़ की और राहगीरों को पीटा। शिक्षामित्रों को उग्र होता देखकर कई राहगीर भागकर दुकानों में छिप गए। दहशत में आकर तमाम व्यापारियों ने दुकानों को बंद कर दीं और कुछ समय तक मुख्य बाजार में सन्नाटा फैला रहा।
नगर निगम पार्क से निकलकर सड़कों पहुंचते ही शिक्षामित्र बेकाबू हो गए। राहगीरों को धक्का मारते हुए मारपीट शुरू कर दी और फिर गोरखनाथ मंदिर जाने के लिए सड़कों पर दौड़ पड़े। इस दौरान भारी पुलिस बल की मौजूदगी भी नाकाफी नजर आई।
एहतियातन पुलिस ने भी बंद कराई दुकानें
प्रदर्शन करते शिक्षामित्र
उधर, पंत पार्क से निकले शिक्षामित्रों ने पहले रोडवेज की बस में तोड़फोड़ की फिर परिवहन विभाग दफ्तर के सामने भाजपा का झंडा लगे एक निजी वाहन को तोड़ दिया। जैसे तैसे पुलिस ने राहगीरों को बचाया। स्कूल से छूटे कई बच्चों के अभिभावक भी शिक्षामित्रों के गुस्से का शिकार हुए। गोलघर में भी दहशत में कई व्यापारियों ने दुकानें बंद कर लीं।
शिक्षामित्रों को उग्र होता देख पुलिस ने भी एहतियातन दुकानों को बंद करा दिया। धर्मशाला बाजार स्थित पेट्रोल पंप को भी बंद करा दिया गया। दोपहर बाद पूरा मामला शांत होने पर ही दुकानें खोली गईं। वहीं लाठीचार्ज के बाद कई दुकानों में छिपी महिलाओं को खोजकर पुलिस ने हिरासत में लिया।