तेलंगाना में एक युवा महिला के पति की उसकी आंखों के सामने हत्या कर दी गई। उसने अपने परिवार पर इस हत्या का आरोप लगाते हुए कहा कि उसके परिवार ने ना तो उनकी शादी को कभी स्वीकृति दी और ना ही इस बात को की वह मां बनने वाली है।
उसके पिता ने बेटी को गर्भपात कराने की सलाह दी थी। 23 साल के प्रणय कुमार को अस्पताल परिसर में मार दिया गया था। जोड़ा यहां चेकअप के लिए पहुंचा था। इस घटना ने पूरे देश को हिलाकर रख दिया है।
अस्पताल के सीसीटीवी फुटेज में दिखाई दे रहा है कि 23 साल का शख्स अपनी पत्नी के साथ बाहर जा रहा है। तभी चाकू लेकर एक आदमी दिन के उजाले में उसपर हमला कर देता है। उसके सिर पर वार किया जाता है जिससे कि वह सड़क किनारे गिर जाता है। घटना को अंजाम देने के बाद हमलावर गायब हो जाता है। अमृतावर्षिनी के पिता और चाचा को हत्या के आरोप में गिरफ्तार किया गया है।
अमृतावर्षिनी ने बताया कि मेरे पिता ने कहा, 'तुम इस
बच्चे को तुरंत गिरा दो। प्रणय के साथ 2-3 साल रहो, इसके बाद मैं तुम्हारी शादी को स्वीकार करुंगा।' प्रणय कुमार कथित तौर पर एक नीची जाति से ताल्लुक रखता था।
जोड़ा स्कूल से एक-दूसरे को जानता था। उन्होंने अपने परिवार की मर्जी के खिलाफ जाकर शादी की थी। महिला ने कहा, 'हम हमेशा डरते थे क्योंकि मुझे अपने परिवार से डर था और इसी वजह से कुछ समय के लिए छुपे रहे लेकिन हत्या के बारे में कभी सोचा नहीं था।'
कुमार की पत्नी इस सदमे से उबर नहीं पा रही है और
अस्पताल में भर्ती हैं। उन्होंने कहा, 'मैंने उनसे शादी को स्वीकार करने के लिए नहीं था। उन्होंने मेरे साथ ऐसा क्यों किया?' पुलिस ने हत्या के आरोप में उसके पिता मारुति राव और चाचा श्रवण को हिरासत में लिया है। पुलिस का मानना है कि उन्होंने घटना के लिए कॉन्ट्रैक्ट किलर को किराए पर लिया था।
22 साल की अमृतावर्षिनी ने कहा, 'मेरी अपने बच्चे को गिराने की कोई इच्छा नहीं है। प्रणय का बच्चा मेरा भविष्य है। वह बहुत ही अच्छा इंसान था। उसने मेरी बहुत अच्छी तरह से देखभाल की खासतौर से जब मैं गर्भवती हुई। मुझे नहीं मालूम की इस समय और जमाने में भी जाति इतनी महत्वपूर्ण क्यों है।' प्रणय की हत्या तमिलनाडु के तिरुप्पुर में दो साल पहले पत्नी के सामने पति की हत्या की तरह थी। प्रणय की हत्या के बाद कार्यकर्ता विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं।