समाजसेवी अन्ना हजारे ने लोकपाल की नियुक्ति के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखा है। हजारे ने चेतावनी दी है कि अगर 2013 में बने लोकायुक्त कानून के आधार पर लोकपाल की नियुक्ति नहीं होती है, तो वह 30 जनवरी से रालेगण सिद्धी में अनशन शुरू करेंगे।
अन्ना हजारे ने कहा कि सरकार ने 2013 में कानून तो बना दिया, लेकिन अब तक सरकार ने लोकायुक्त की नियुक्ति नहीं की है। उन्होंने कहा कि वह इस साल 23 मार्च को रामलीला मैदान में भूख हड़ताल पर बैठे थे, लेकिन पीएमओ के उनकी मांग पूरी करने के लिखित में आश्वासन देने के बाद उन्होंने हड़ताल खत्म कर दी थी।
हजारे ने कहा कि उन्होंने फिर 2 अक्तूबर तक का समय दिया। पत्र में उन्होंने लिखा, ‘2 अक्तूबर को अपने गांव रालेगण सिद्धि से आंदोलन शुरू करना था, लेकिन महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री और अन्य नेताओं ने फिर आश्वासन दिया कि लोकपाल और लोकायुक्तों की नियुक्ति की प्रक्रिया अंतिम चरण में है। मैंने उन्हें एक और मौका देने और 30 जनवरी तक इंतजार करने का मन बनाया है।