टीकमगढ़ जिले में सोमवार शाम मौसम ने अचानक करवट ले ली, जिससे किसानों को भारी नुकसान झेलना पड़ा। मोहनगढ़ तहसील क्षेत्र के दरगाय खुर्द, दरगाय कलां, पंचमपुरा, मस्तापुर, कुंवरपुरा सहित कई गांवों में तेज बारिश और तूफानी हवाएं चलीं। करीब आधे घंटे तक चले इस मौसम ने खेतों में खड़ी फसलों को गंभीर रूप से प्रभावित कर दिया।
स्थानीय किसानों के अनुसार, सबसे अधिक नुकसान गेहूं की फसल को हुआ है। तेज हवाओं के कारण कई जगह फसल आड़ी हो गई, जिससे उत्पादन पर असर पड़ने की आशंका है। सरसों की फलियां टूटकर खेतों में बिखर गई हैं, जिससे किसानों को भारी आर्थिक नुकसान होने की संभावना जताई जा रही है। वहीं मटर की फसल भी बुरी तरह प्रभावित हुई है। कई खेतों में बालियां जमीन पर गिर गईं, जिससे सड़ने का खतरा बढ़ गया है। चने की फसल को भी काफी नुकसान पहुंचा है।
ये भी पढ़ें-
Bhojshala: भोजशाला मामले में पेश सर्वे रिपोर्ट पर दावे-आपत्तियों के लिए दो सप्ताह का समय, अब सुनवाई 16 को
दरगाय खुर्द निवासी किसान रामनाथ यादव और दुर्गा प्रसाद यादव ने बताया कि उन्होंने दो एकड़ में चना और सरसों की बुआई की थी, जो इस बारिश से लगभग पूरी तरह नष्ट हो गई। इसके अलावा आधा एकड़ में लगी मटर की फसल भी खराब हो गई। किसान दीपक ने कहा कि इस बार उन्होंने बड़ी उम्मीदों के साथ खेती की थी, लेकिन आधे घंटे के मौसम ने महीनों की मेहनत पर पानी फेर दिया। रामप्यारे अहिरवार, प्रीतम लोधी और करन सिंह यादव सहित कई किसानों की फसलें प्रभावित हुई हैं। किसानों ने प्रशासन से सर्वे कराकर मुआवजा दिलाने की मांग की है। राजस्व अधिकारियों का कहना है कि उन्हें नुकसान की सूचना मिल गई है और जल्द ही प्रभावित क्षेत्रों का सर्वे कराया जाएगा, ताकि किसानों को राहत दी जा सके।