सागर जिले के देवरी कलां कस्बे में युवक की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत के बाद परिजनों ने सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के सामने मुख्य सड़क पर शव रखकर चक्काजाम कर दिया। मृतक के परिजन दोषियों पर सख्त कार्रवाई और मामले की निष्पक्ष जांच की मांग कर रहे हैं।
मृतक के भाई अंकित पटेल ने बताया कि सुबह करीब 8:30 बजे किसी अज्ञात व्यक्ति ने फोन कर बताया कि फूटा मंदिर के पास उसका भाई बेहोशी की हालत में पड़ा हुआ है। शुरुआत में फोन को नजरअंदाज किया, लेकिन दोबारा फोन आने पर वह थाने पहुंचे, जहां थाने की सीढ़ियों पर हेमंत बेहोश मिला। परिजन उसे तुरंत देवरी अस्पताल ले गए, लेकिन अस्पताल में कोई डॉक्टर मौजूद नहीं था। करीब एक घंटे बाद डॉक्टर के आने पर इलाज शुरू हुआ।
इलाज के दौरान, हेमंत ने बताया कि मन्नू सेन और उसकी बेटी ने लाठी-डंडों से उसकी पिटाई की और पानी में सल्फास घोलकर उसे पिला दिया। उसने कहा कि वह बच नहीं सकेगा। इसके बाद डॉक्टरों ने उसे सागर रेफर कर दिया, लेकिन रास्ते में हेमंत ने दम तोड़ दिया।
सागर में पोस्टमार्टम के बाद परिजन शव लेकर वापस लौटे और न्याय की मांग करते हुए मुख्य सड़क पर चक्काजाम कर दिया। परिजनों ने आरोप लगाया कि पुलिस प्रशासन की लापरवाही और कार्रवाई न होने के कारण यह घटना हुई है।
चक्काजाम की जानकारी मिलने पर पुलिस अधिकारी मौके पर पहुंचे और दोषियों पर सख्त कार्रवाई और मामले की जांच का आश्वासन दिया। इसके बाद परिजनों ने चक्काजाम समाप्त किया। मामले में पुलिस ने जांच शुरू कर दी है।