इंदौर की गेर अब किसी पहचान की मोहताज नहीं है। इंदौर में होने वाले इस भव्य आयोजन को अब एक नई पहचान दिलाने के लिए विश्व धरोहर में शामिल किए जाने के प्रयास जारी हैं। इस बार भी देश के सबसे स्वच्छ शहर इंदौर की गेर में बहुत कुछ खास होने वाला है। बच्चे, बुजुर्ग, महिलाएं सभी गेर के लिए बेसब्री से इंतजार करते हैं। आइए जानते हैं गेर में क्या होगा खास...
1. इस दिन यहां पिचकारी, वॉटर टैंकर, मिसाइलों से 200 फीट ऊंचाई तक हजारों किलो गुलाल और रंगों की बौछार की जाती है।
2. रास्ते में कई जगह लोगों के लिए संस्थाएं शर्बत, पानी, नाश्ते का इंतजाम करती हैं।
3. संस्थाओं द्वारा आकर्षक रथ तैयार करवाए जाएंगे जो कई अलग थीम पर आधारित होंगे।
4. इसके अलावा बैंड, डीजे, नगाड़े भी जोश भरेंगे।
5. विदेशियों के लिए विशेष रथ बनाए जाएंगे जिसमें उनकी सुरक्षा का भी ध्यान रखा जाएगा।
6. राजवाड़ा के आसपास की लगभग हर इमारत पूरी तरह से फुल रहेगी। छतों पर लोग खानपान की व्यवस्था के साथ गेर का आनंद लेंगे।
7. ट्रैक्टर, मेटाडोर, डंपर समेत पानी की मिसाइल, गुलाल की मिसाइल, गुलाब उड़ाती तोप आकर्षण बनेगी।
8. इसमें 200 फीट ऊपर तक मिसाइलों से रंग उड़ाने के साथ हवा में तिरंगा बनाया जाएगा।
9. तोपों से फूल बरसाए जाएंगे और महिला बाउंसर भी तैनात की जाएंगी।
10. हर तरफ आसमान रंगों से सराबोर नजर आता है।
11. गेर निकालने का परंपरागत मुख्य मार्ग गौराकुंड चौराहे से राजवाड़ा तक रहता है।
12. इसके अलावा भी शहर के अलग-अलग हिस्सों से निकाली जाती है, लेकिन वो भी राजवाड़ा में ही समाप्त होती है।
13. इस नजारे को देखने के लिए दूर-दूर से सैलानी यहां आते हैं।
14. रंगपंचमी मनाने के बाद लोग पूड़ी-श्रीखंड का भी मजा लेते हैं।