पार्क के कर्मचारियों का कहना था कि पहले चार दिन पहले ज्यादा मछलियां नहीं बनी थी, लेकिन शनिवार से किनारे पर सैकड़ों मरी हुई मछलियां नजर आई। रीजनल पार्क पर सुबह कई लोग जाॅगिंग के लिए आते है। उन्हें भी बदबू केे कारण परेशान होना पड़ा रहा है।
पिपलियापाला तालाब में बारिश का पानी एकत्र होता है। मार्च तक तालाब का जलस्तर ठीक था, लेकिन बीते दो माह में तालाब का जलस्तर तेजी से कम होने लगा। तालाब में मछली पालन भी होता है। जलस्तर कम होने के बाद तालाब में पानी प्रदूषित होने लगा है और उसमें ऑक्सीजन की मात्रा कम हो गई है। पार्क के कर्मचारियों का कहना था कि पहले चार दिन ज्यादा मछलियां नहीं मरी थीं, लेकिन शनिवार से किनारे पर सैकड़ों मरी हुई मछलियां नजर आईं। रीजनल पार्क पर सुबह कई लोग जाॅगिंग के लिए आते हैं। उन्हें भी मरी हुई मछलियों की बदबू के कारण परेशान होना पड़ा रहा है।