इंदौर के धार रोड स्थित प्लास्टिक का दाना बनाने वाली फैक्ट्री डीयू ड्रॉप एरिगेशन में शनिवार सुबह करीब 7 बजे आग लग गई। आग इतनी भीषण थी कि उसका काला धुआं और गुब्बार कई किलोमीटर दूर से देखा गया। घटना की सूचना मिलते ही फायर ब्रिगेड की टीम मौके पर पहुंची और आग बुझाना शुरू किया। पोकलेन मशीन और फायर फाइटिंग रोबोट मंगाया गया। उधर, सांवेर रोड एफ सेक्टर स्थिति रुई के कतरन के गोदाम में भी आग लग गई। उस पर भी दो घंटे में काबू पाया जा सका।
बताया जा रहा है कि फैक्ट्री में लगी आग ने देखते ही देखते विकराल रूप ले लिया। आग पर काबू पाने के लिए दमकल विभाग की 7 गाड़ियां पहुंची। फायर कर्मी लगातार मशक्कत करते रहे और आग बुझाने में 3 घंटे से अधिक का समय लग गया। 45 टैंकर से अधिक पानी लगा। RRCAT के डिप्टी फायर ऑफिसर अजय कुमार ने बताया कि आग बहुत तेजी से फैली इसलिए नियंत्रित करना मुश्किल हो गया। यहां आसपास पानी के सोर्स नहीं हैं। इस वजह से परेशानी आ रही है। हालांकि हम दूसरे टैंकरों से पानी बुलाकर दमकल को फिलअप कर रहे हैं। वहीं निगम कमिश्नर क्षितिज सिंघल भी घटनास्थल पर पहुंच गए हैं।
मलबे को हटाने में भारी मशक्कत हुई
फायर ब्रिगेड की 7 गाड़ियां मौके पहुंची। फैक्ट्री के अंदर जाने में फायरकर्मियों को खासी मशक्कत करना पड़ी। टीन शेड लगा था, जिसे हटाकर आग बुझाने के प्रयास किए गए। दमकल कर्मियों के अनुसार आग पर काबू पाने में 3 घंटे से अधिक का समय लगा।
सुरक्षा के लिहाज से खाली कराया गया नजदीकी इलाका
आग लगने के कारणों का फिलहाल खुलासा नहीं हो पाया है। एहतियात के तौर पर आसपास के क्षेत्र को खाली कराया गया है ताकि किसी तरह की जनहानि न हो। मौके पर पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी भी पहुंच गए और स्थिति पर नजर बनाए रखी। प्राथमिक जानकारी के अनुसार फैक्ट्री में रखा सामान जलकर खाक हो गया। हालांकि अब तक किसी के हताहत होने की सूचना सामने नहीं आई है। प्रशासन द्वारा आग लगने के कारणों की जांच कराई जा रही है।
अमावस्या के अवकाश के कारण कारखाने में अनुपस्थित थे श्रमिक
फैक्टी संचालक मोहम्मद जावेद कुरैशी ने बताया आज अमावस्या थी, इसलिए आज लेबर नहीं आई थी। यहां 30 से 35 लोग काम करते हैं, दिन और रात की शिफ्ट चलती हैं। इस फैक्ट्री के पास ही हर्बल प्रोडक्ट की फैक्ट्री है। वह भी यहां मौजूद हैं। यही डर है कि कहीं उनके यहां तक आग न पहुंच जाए।
विद्युत डीपी में शॉर्ट सर्किट होने से भड़की भीषण लपटें
मोहम्मद जावेद ने बताया कि फैक्ट्री परिसर में लगी डीपी में शॉट सर्किट से आग लगी, जो तेजी से फैल गई और पूरी फैक्ट्री को चपेट में ले लिया। प्लास्टिक का दाना भरा होने के कारण आग तेजी से भड़की। श्रीराम तरावली के सरपंच जितेंद्र चौधरी ने बताया कि 10 बजे आग लगने की सूचना मिली थी। तभी से यहीं हूं। गांव वाले भी सपोर्ट कर रहे हैं। हमने अपने ट्यूबवेल से पानी भिजवाया है।
काबू पाने के लिए दमकल विभाग द्वारा किया गया फोम का प्रयोग
निगम कमिश्नर क्षितिज सिंघल ने बताया कि हमारी फायर फाइटर गाड़ियां आग बुझाने तुरंत पहुंच गई। आग पर काबू पाने के लिए हमने फोम का भी इस्तेमाल किया। जल्द ही पूरी तरह से आग पर काबू पा लिया गया। हम सभी फक्ट्री मालिकों से कहते हैं कि कारखाने में आग पर काबू पाने के इंतजाम होने चाहिए।