शुक्रवार से शुरू हो रही मुख्यमंत्री सुगम बस सेवा की शुरुआत का फायदा सबसे ज्यादा इंदौर को मिलेगा। 351 में से 145 बसें इंदौर से चलेंगी। दरअसल, इंदौर में एआईसीटीएसएल का पहले से आसपास के कई शहरों में नेटवर्क है। नई बस सेवा में एआईसीटीएसएल को मर्ज कर लिया गया है। इस कारण इंदौर में पहले से चल रही बसों की संख्या बढ़ गई है। नया मॉडल पीपीपी पर होगा।
मुख्यमंत्री सुगम बस सेवा में 40 नए रूट जुड़ेंगे। इन रूटों पर 60 से ज्यादा नई बसों का संचालन होगा। इससे इंदौर से आसपास के इलाके भी जुड़ जाएंगे। अभी इंदौर से उज्जैन, खंडवा, झाबुआ, धार, आलीराजपुर, कुक्षी, खरगोन सहित अन्य शहरों और ग्रामीण क्षेत्रों तक बसों का संचालन होता है।
अभी प्रदेश में 351 बसों से शुरुआत हो रही है, लेकिन तीन साल में डेढ़ हजार बसों का नेटवर्क पूरे प्रदेश में रहेगा। बसों का संचालन एक निजी ऑपरेटर के जरिए किया जा रहा है और संचालन का पैटर्न एआईसीटीएसएल की तर्ज पर ही होगा। इस सेवा की बसों के टिकट ऑनलाइन भी मिल सकेंगे।
इंदौर से चलने वाली बसों में अभी सबसे ज्यादा भोपाल की कनेक्टिविटी है। दिव्यांग यात्रियों को किराए में 50 प्रतिशत छूट मिलेगी। इस सेवा में प्रति किलोमीटर किराया दो रुपये तक रहेगा। यात्रियों को ऐप की सुविधा भी मिलेगी, जिसमें वे बसों की समय-सारणी और आने-जाने की स्थिति की जानकारी भी ले सकेंगे।