सोमवार को महू में हुई कांग्रेस की रैली में खुद का नाम चमकाने की होड़ और गुटबाजी भी नजर आई। मंच के सामने नारेबाजी कर शक्ति प्रदर्शन कर रहे कार्यकर्ताओं को डांटने खुद दिग्विजय सिंह को माइक संभालना पड़ा।
आमसभा स्थल पर डोम के सामने नेतागणों के कटआउट लगे थे। उनमें जीतू पटवारी, सज्जन वर्मा, उमंग सिंघार, अरुण यादव, कमलेश्वर सिंह के कटआउट नजर आए, लेकिन प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह और कमल नाथ के कटआउट गायब रहे। दोनों वरिष्ठ नेता होर्डिंगों व बैनरों में भी ज्यादा नजर नहीं आए। कुल मिलाकर आयोजन की कमान कांग्रेस की तैयार हो चुकी दूसरी लाइन के नेताओं के हाथों में थी। मंच पर भी वे राहुल व अन्य बड़े नेताओं के इर्द-गिर्द नजर आए। मंच से प्रदेश के दो नेताओं पटवारी और सिंघार को ही भाषण का मौका मिला।
एनएसयूआई के लड़कों...झंडे नीचे करो
मंच के सामने एनएसयूआई के कार्यकर्ता झंडे दिखाकर नारेबाजी कर रहे थे। इससे मंच पर मौजूद नेता भाषण नहीं दे पा रहे थे। यह देखते हुए दिग्विजय सिंह ने माइक संभाला और कहा कि एनएसयूआई के लड़कों...झंडे नीचे करो। तुम अपने राष्ट्रीय अध्यक्ष की बात नहीं मान रहे हो। क्या तुम आयोजन बिगाड़ने आए हो। इसके बाद कार्यकर्ताओं ने नारेबाजी करना बंद की।
भाजपा ने ली चुटकी
सिंह का वीडियो वारयल होने के बाद भाजपा प्रदेश प्रवक्ता नरेंद्र सलूजा ने चुटकी ली और कहा कि पटवारी खुद कहते है, कांग्रेस में गुटबाजी का कैंसर है। जो आयोजन में नजर आया। उन्होंने मंच से राहुल द्वारा पटवारी का नाम नहीं लिए जाने पर कहा कि लोकसभा चुनाव के परिणाम आने के बाद से ही राहुल पटवारी से नाराज है। यह मंच पर भी नजर आई।