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Dindori News: 15 मिनट तक हवा में मंडराती रही मरीज को लेने पहुंची एयर एंबुलेंस, लैडिंग में हेलीपैड बना बाधा

Thu, 08 Jan 2026 05:04 PM IST
डिंडोरी ब्यूरो न्यूज डेस्क, अमर उजाला, डिंडोरी

सार

रीढ़ की हड्डी में ट्यूमर से पीड़ित मरीज को एयरलिफ्ट करने पहुंची एयर एंबुलेंस 15 मिनट तक हवा में चक्कर काटती रही। कारण था हेलीपैड के आसपास लटके बिजली के तार। हेलीकॉप्टर के पायलट की आपत्ति बाद प्रशासन ने तुरंत तार हटाए।
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एयर एंबुलेंस की लैंडिंग में बाधा बना हेलीपैड - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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डिंडौरी में गंभीर मरीज को एयर लिफ्ट करने पहुंची एयर एम्बुलेंस को हेलीपैड पर उतरने में भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। हेलीपैड के आसपास लटके बिजली के तारों के कारण हेलिकॉप्टर करीब 15 मिनट तक आसमान में चक्कर लगाता रहा। पायलट की सतर्कता और प्रशासन की त्वरित कार्रवाई के बाद आखिरकार हेलिकॉप्टर सुरक्षित लैंड हो सका। इसके बाद रीढ़ की हड्डी में ट्यूमर से पीड़ित 21 वर्षीय कीर्ति चंदेल को भोपाल एम्स रैफर किया गया।

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बुधवार सुबह जब एयर एम्बुलेंस पुलिस ग्राउंड स्थित हेलीपैड पर उतरी, तो पायलट संजय शर्मा ने अधिकारियों से सवाल किया कि हेलीपैड के आसपास बिजली के तार क्यों हैं। उन्होंने कहा कि ऐसा हेलीपैड उन्होंने पहली बार देखा है। पायलट की आपत्ति के बाद प्रशासन ने तत्काल तार हटवाए, तब जाकर लैंडिंग संभव हो सकी।
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कीर्ति चंदेल अमरपुर विकासखंड के ग्राम पिपरिया की रहने वाली है। उसके पिता हीरा चंदेल ने बताया कि कीर्ति ने बीएससी की पढ़ाई पूरी कर ली थी और एमएससी की तैयारी कर रही थी। जून महीने में अचानक उसकी कमर के नीचे तेज दर्द शुरू हुआ। कई जगह इलाज के बाद रायपुर एम्स में जांच हुई, जहां रीढ़ की हड्डी में ट्यूमर होने की पुष्टि हुई। वहां ऑपरेशन के बाद कुछ समय तक हालत सामान्य रही लेकिन 5 जनवरी की शाम दर्द दोबारा असहनीय हो गया। जिला अस्पताल में भर्ती करने के बाद डॉक्टरों ने भोपाल एम्स रैफर किया।

मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. मनोज पांडेय ने बताया कि मरीज को सड़क मार्ग से ले जाना जोखिम भरा था, इसलिए भोपाल एम्स से समन्वय कर एयर एम्बुलेंस बुलाई गई। यह सुविधा पूरी तरह नि:शुल्क है और मरीज का आयुष्मान कार्ड के तहत इलाज होगा।

मरीज को अस्पताल से हेलीपैड तक ले जाने के लिए डिंडौरी में पहली बार ग्रीन कॉरिडोर बनाया गया। ट्रैफिक निरीक्षक सुभाष उईके के अनुसार करीब एक किलोमीटर के मार्ग पर पुलिस तैनात रही ताकि एम्बुलेंस बिना रुकावट पहुंचे।
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अब इस एयर लिफ्ट के बाद पीडब्ल्यूडी द्वारा बनाए गए इस हेलीपैड को लेकर सवाल खड़े हो गए हैं। विभाग के कार्यपालन यंत्री एमएस धुर्वे ने बताया कि कलेक्टर को पत्र लिखकर पोल हटाने या खुले मैदान में नया हेलीपैड बनाने का प्रस्ताव दिया जाएगा। सुरक्षा कारणों से यहां दोबारा लैंडिंग की अनुमति देना मुश्किल है।

हेलिकॉप्टर के उतरते ही बड़ी संख्या में लोग मौके पर जमा हो गए और फोटो खिंचवाने लगे, जिससे सुरक्षा व्यवस्था भी चुनौती में पड़ गई। प्रशासन ने भविष्य में ऐसी स्थिति से निपटने के लिए बेहतर इंतजाम करने की बात कही है।

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