दमोह जिले में लगातार कड़ाके की ठंड पड़ रही है। तापमान सात डिग्री से नीचे पहुंच गया है, जिससे इंसानों के साथ मवेशी भी ठंड से परेशान हैं। ठंड से बचाव के लिए लोग विभिन्न उपाय अपना रहे हैं। वहीं, भगवान और मवेशियों का भी विशेष ध्यान रखा जा रहा है।
हनुमान जी को पहनाए गर्म कपड़े
तेंदूखेड़ा ब्लॉक के दोनी गांव स्थित प्रसिद्ध मंदिर में स्थापित हनुमान जी की प्रतिमा को ग्रामीणों ने ठंड से बचाने के लिए गर्म शाल ओढ़ा दी है। गांव के सुरेंद्र यादव ने बताया कि हनुमान जी के प्रति पूरे गांव की गहरी आस्था है। ग्रामीणों ने सोचा कि जब इंसान और मवेशियों को ठंड से बचाने इतने प्रयास किए जा रहे हैं, तो भगवान को भी ठंड लग रही होगी। इसी भावना से उन्होंने भगवान हनुमान को गर्म कपड़े पहनाने का निर्णय लिया।
गोशाला में मवेशियों के लिए पर्दे लगाए
तेंदूखेड़ा नगर में संचालित गोशाला में लगभग तीन हजार मवेशी हैं। ठंड से बचाव के लिए गोशाला समिति ने टीन शेड के चारों ओर पर्दे लगाए हैं ताकि मवेशियों को ठंडी हवाओं से बचाया जा सके। हालांकि, नगर में आवारा मवेशियों की स्थिति दयनीय बनी हुई है।
नगर में अलाव की कमी
नगर में न तो पर्याप्त अलाव की व्यवस्था है और न ही कोई ऐसा स्थान है जहां आवारा मवेशी ठंड से बच सकें। इस कारण खुले में घूमने वाले मवेशी ठंड से बेहाल हैं।
पशु और इंसान ठंड से परेशान
पिछले दो सप्ताह से ठंड ने पूरे क्षेत्र को अपनी चपेट में ले लिया है। इंसान गर्म कपड़ों और अलाव का सहारा ले रहे हैं, वहीं पालतू जानवरों जैसे कुत्ते और बिल्लियों को भी गर्म कपड़े पहनाए जा रहे हैं। ग्रामीणों का कहना है कि ठंड के बढ़ते प्रकोप के मद्देनजर प्रशासन को अलाव और मवेशियों के लिए आश्रय की व्यवस्था करनी चाहिए।
दमोह जिले की यह स्थिति मानव और पशु दोनों के लिए चुनौती बन चुकी है, जहां ग्रामीणों का प्रयास सराहनीय है, वहीं प्रशासन से अधिक सक्रियता की अपेक्षा की जा रही है।
भगवान को उड़ाए गर्म कपड़े