जिले के तेंदूखेड़ा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र की एक्सरे मशीन तीन महीने से बंद पड़ी है, जिससे मरीजों को परेशानी उठानी पड़ रही है। उनका एक्सरे तो निजी सेंटर पर अधिक पैसे देने पर हो जाता है, लेकिन घायल हुए लोगों 80 किमी दूर दमोह जिला अस्पताल में एक्सरे कराने जाना पड़ रहा है, क्योंकि निजी अस्पताल में जो एक्सरे होता है, पुलिस विभाग उसे मान्य नहीं करता। इससे पीड़ित को दमोह आना पड़ता है। दमोह जिला अस्पताल में भी परेशानी कम नहीं होती। यहां एक्सरे केवल दो बजे तक होता है उसके बाद प्राइवेट में एक्सरे हो सकता है।
पुलिस में शिकायत करने वालों की बढ़ती है परेशानी
तेंदूखेड़ा पुलिस थाना, तेजगढ़, तारादेही थाने के अधीन बहुत से गांव आते हैं। इन गांव में आए दिन विवाद और हादसे भी होते हैं और थानों में मामले दर्ज होते हैं। इनमें कई बार घायल के शरीर में चोट और हाथ, पैर टूटने संबंधी मामले दर्ज होते हैं। तीन महीने पहले तक इन सभी के एक्सरे तेंदूखेड़ा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में होते थे, लेकिन अब तेंदूखेड़ा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में यह सुविधा बंद पड़ी है। इसलिए पीड़ित लोगों को मजबूरी में जिला अस्पताल जाना पड़ता है। साथ में पुलिसकर्मी भी जाते है। जिसके कारण आम व्यक्ति पर इसका खर्च बहुत ज्यादा पड़ रहा है, लेकिन उनकी मजबूरी है।
बाइक पर गया जिला अस्पताल
जिला अस्पताल में भी दो बजे तक एक्सरे होता है। इस समस्या को लेकर तेंदूखेड़ा और आसपास के लोगों को एक्सरे कराने के लिए अनेक समस्याओं का सामना करना पड़ता है। क्योंकि कई गांव तो ऐसे हैं, जहां वाहनों का आवगमन नहीं होता। ग्रामीण पहले तेंदूखेड़ा आएंगे, उसके बाद उनको वाहन मिलता है या फिर उनको स्वयं के वाहन से आना जाना पड़ता है।
ऐसा ही एक मामला सोमवार को तेंदूखेड़ा थाने में सामने आया। जामुन पिंडराई गांव निवासी आरजू पिता धनीराम आदिवासी का विवाद हो गया था। उसके शरीर में अंदरूनी चोटें आई थी। पुलिस ने उससे एक्सरे कराने की सलाह दी, वह अपने नाती के साथ पहले तेंदूखेड़ा आया। उसके बाद बाइक पर सवार होकर दमोह गया। आरजू के साथ आई उसकी भतीजी मनीषा आदिवासी ने बताया विवाद में उसके चाचा को चोटें आई थीं। तेंदूखेड़ा शासकीय सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में एक्सरे की सुविधा नहीं मिली। गांव तक कोई वाहन आता जाता नहीं है। इसलिए हम लोग बाइक से तेंदूखेड़ा और वहां से 80 किमी दूर दमोह गए।
तेंदूखेड़ा सीबीएमओ डॉक्टर आरआर बागरी ने बताया तीन महीने से एक्सरे मशीन बंद है। लगातार जिले में पत्राचार किए हैं, लेकिन अभी सुधार नही हुआ है। सीएमएचओ डॉ. मुकेश जैन ने कहा सीबीएमओ ही मशीन की शिकायत कंपनी को ऑन लाइन करेंगे, जब वहां से कोई संतुष्ट जवाब न मिले तो वह मुझे बताएं। फिर भी इस मामले को दिखवाते हैं।