सार
दमोह में पुलिस ने पूर्व पार्षद के घर पर छापा मारकर बड़ी मात्रा में भैंस का मांस बरामद किया। सूचना मिली थी कि गोवंश वध कर मांस बेचे जाने की तैयारी हो रही है, लेकिन जांच में भैंस का मांस पाया गया। जिले में कोई भी लीगल स्लॉटर हाउस नहीं होने के कारण पुलिस ने पूर्व पार्षद के खिलाफ पशु क्रूरता अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया है।
कोतवाली थाना क्षेत्र के बजरिया सात कसाई मंडी में पूर्व पार्षद मुरसलीम कुरैशी के घर के पीछे बने बाड़े से रविवार शाम पुलिस ने भैंस का मांस जब्त किया। पूर्व पार्षद पर मामला दर्ज कर जांच में लिया गया।
बता दें दमोह शहर की कसाई मंडी में लगातार गोकसी की घटनाएं सामने आती रहती हैं। हिंदूवादी संगठन पुलिस प्रशासन पर यह आरोप लगाते हैं कि पुलिस की निष्क्रियता के चलते गौ हत्याएं हो रही हैं। आए दिन हिंदू संगठन के कार्यकर्ताओं की ओर से ज्ञापन दिया जाता है। हालांकि पिछले दिनों जब यहां पुलिस ने अतिक्रमण को गिराया था, तब गोवध की बात कही जाती थी। उसके बाद से गो हत्या में कमी भी आई है।
रविवार शाम कोतवाली पुलिस को सूचना मिली थी कि पूर्व पार्षद के घर में गोवंश का वध कर उसके मांस को बेचने की तैयारी हो रही है। सूचना मिलने के बाद कोतवाली टीआई आनंद सिंह पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। घर को घेर कर तलाशी ली। उसके बाद पूर्व पार्षद के घर के पीछे बने बाड़े में बड़ी मात्रा में मांस मिला। उसका परीक्षण किया गया तो पता चला वह भैंस का मांस है। पुलिस ने मांस जब्त कर पूर्व पार्षद के खिलाफ पशु क्रूरता अधिनियम के तहत एफआईआर दर्ज की।
दमोह में नहीं है लीगल स्लॉटर हाउस
कोतवाली टीआई आनंद सिंह ने बताया कि दमोह जिले में कहीं पर भी लीगल स्लॉटर हाउस नहीं हैं। भैंस का मांस मिलना भी अपराध की श्रेणी में आता है। इसलिए संबंधित व्यक्ति के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है।