दमोह जिले के बटियागढ़ ब्लॉक में आने वाला भदभदा वॉटरफॉल दो दिन पहले तक हजारों लोगों की भीड़ से गुलजार हो रहा था, आज सुनसान है। कोई भी यहां नज़र नहीं आ रहा क्योंकि प्रशासन ने एक युवक की मौत के बाद इस वॉटर फॉल में नहाने पर प्रतिबंध लगा दिया है। पुलिस का पहरा यहां दिया जा रहा है।
वॉटरफॉल पर प्रतिबंध लगने के बाद पूरे जिले के लोग सोशल मीडिया पर अपना आक्रोश जता रहे हैं। उनका कहना है कि वॉटर फॉल पर प्रतिबंध लगाना कोई विकल्प नहीं है सुरक्षा के उपाय करने चाहिए ताकि जिले का वॉटर फॉल आज लोगों के आकर्षण का केंद्र है। वह बना रहे और कई लोगों की रोजी-रोटी भी उससे चलती रहे। गर्मी के दिनों में भदभदा का वॉटर फॉल चालू रहता है क्योंकि पंचम नगर डैम से सुनार नदी में पानी छोड़ा जाता है। इस साल भी 10 लाख लीटर पानी नदी में छोड़ा गया। इसके बाद भदभदा चारों ओर से पानी से गुलजार हो गया। प्रतिदिन जिले के हजारों लोग गर्मी से निजात पाने के लिए यहां पिकनिक मनाने के लिए पहुंचने लगे। दो दिन पहले गैसाबाद थाना क्षेत्र के एक युवक की मौत हो गई जिसके बाद पथरिया एसडीएम महेंद्र गुप्ता ने भदभदा में नहाने पर प्रतिबंध लगा दिया और धारा 144 प्रभावशील कर दी।
गुरुवार को ही आदेश जारी किया गया। पुलिस तैनात कर दी गई है। जो भी व्यक्ति यहां पहुंच रहा है, पुलिस वाले उसे वापस कर रहे हैं। शुक्रवार को जब भदभदा वॉटरफॉल का जायजा लिया तो यहां केवल पत्थरों से पानी गिर रहा था। कोई भी व्यक्ति यहां नहाता हुआ नहीं दिखाई दे रहा था। स्थिति यह थी कि दो दिन पहले तक यहां हजारों लोगों की भीड़ दिखाई दे रही थी। प्रशासन को पहले से ही यहां सुरक्षा के इंतजाम करने थे, लेकिन कोई इंतजाम नहीं किया। जब एक मौत हो गई तब यहां नहाने पर प्रतिबंध जरूर लगा दिया। अब लोगों का कहना है कि भदभदा पर प्रतिबंध लगाना कोई विकल्प नहीं है। यदि प्रशासन को इस वॉटर फॉल को सहेजने की चिंता है तो यहां सुरक्षा व्यवस्था उपलब्ध कराई जाए ताकि जिले के वासियों के लिए इस वॉटर फॉल का मजा लेने में कोई परेशानी न हो।